किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान में हीलाहवाली करने वाली चीनी मिलों पर सरकार सख्त हो गई है। इसका नतीजा यह रहा कि चीनी मिलों ने बीते 15 दिन में किसानों को 3814 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य का भुगतान किया है। शासन सभी परिक्षेत्रों के उप गन्ना आयुक्तों व जिला गन्ना अधिकारियों को गन्ना मूल्य भुगतान की लगातार समीक्षा करने व भुगतान के लिए मिलों पर दबाव बनाने के निर्देश दिए हैं।
गन्ना एवं चीनी आयुक्त संजय आर. भूसरेड्डी ने बताया कि बकायेदार चीनी मिलों से जल्द से जल्द पूरा गन्ना मूल्य भुगतान कराने के लिए विभाग केअधिकारी लगातार चीनी मिलों के साथ बैठक कर रहे हैं। पिछले पेराई सत्र 2019-20 के बकाया गन्ना मूल्य भुगतान के लिए 45 वर्तमान पेराई सत्र 2020-21 के बकाया गन्ना मूल्य भुगतान के लिए 104 चीनी मिलों को नोटिस जारी की गई है। उन्होंने बताया कि शासन की ओर से नियुक्त नोडल अधिकारियों, उप गन्ना आयुक्तों व जिला गन्ना अधिकारियों के माध्यम से लगातार चीनी मिलों को बकाया भुगतान करने को कहा जा रहा है।
गन्ना आयुक्त ने चेतावनी दी है है कि गन्ना मूल्य भुगतान में उदासीनता बरतने वाली चीनी मिलों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। मिलों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज कराकर कानूनी कार्रवाई करने के साथ ही वसूली प्रमाणपत्र (आरसी) जारी की जाएगी।