लखनऊ। दुबग्गा में छंदोईया गांव के बाहर खाली पड़े मैदान में खड़ी बस को नशे में कंडक्टर चलाने लगा। बस अनियंत्रित होकर एक कारखाने में दीवार तोड़ कर घुस गई, जिसकी चपेट में आने से कारखाने के कर्मचारी खदरा के दीनदयाल नगर निवासी लतीफ (32) की मौत हो गई। वहीं, कारखाना मालिक इशरत गंभीर रूप से घायल हो गए।
छंदोईया गांव के बाहर इशरत का कैश वैन व बस की बॉडी बनाने का कारखाना है। पास में ही खाली पड़े मैदान में कई बसें खड़ी रहती हैं। सोमवार शाम करीब 7 बजे कारखाने के कर्मचारी काम खत्म कर घर जा रहे थे, तभी वहां से 30 मीटर की दूरी पर खड़ी निजी बस को कंडक्टर ने तेज रफ्तार में दौड़ा दिया। उसकी लापरवाही से लतीफ की जान चली गई।हादसे की आवाज सुन ग्रामीण मदद के लिए जमा हो गए। उन्होंने भाग रहे आरोपी कंडक्टर को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। हादसे में घायल इशरत को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। लतीफ के भाई वारिस ने बताया कि वर्ष 2018 में लतीफ की शादी हुई थी। वह कई दिन से छुट्टी पर थे और सोमवार को ही काम पर गए थे। इंस्पेक्टर दुबग्गा अभिनव वर्मा ने बताया कि आरोपी नशे में था। उससे पूछताछ की जा रही है। लतीफ के परिजनों से तहरीर मांगी गई है। तहरीर मिलते ही केस दर्ज किया जाएगा।