गोंडा जिले में कौड़िया थाना क्षेत्र के रामापुर गांव के निवासी नामी सर्जन डॉ आरपी मिश्रा की कोरोना से इलाज के दौरान मौत हो गई। मौजूदा समय में वो बलरामपुर जिले में तैनात थे। इसके पहले काफी समय तक गोंडा के जिला अस्पताल में भी सर्जन के तौर पर कार्य कर चुके हैं। बलरामपुर के सीएमओ ने उनकी मौत की पुष्टि की है। उनकी पत्नी भी डॉक्टर हैं। डॉ मिश्रा के निधन पर कई लोगों ने शोक जताया है।
बता दें कि डॉ आरपी मिश्रा की कुछ दिन पहले बलरामपुर से ड्यूटी करके लौटने के बाद तबीयत बिगड़ गयी और सांस लेने में भी तकलीफ शुरू हो गई। इसके बाद उन्हें जिला अस्पताल लाया गया। यहां ट्रयू नेट्स मशीन से हुई जांच में वह कोरोना संक्रमित पाये गये।
तबीयत को देखते हुए उन्हें लेवल-2 में भर्ती कराया गया। इसके बाद हालत और गंभीर होने पर उन्हें लखनऊ के कोविड लेवल-3 में भर्ती कराया गया। जहां शुक्रवार देर रात इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मंडल में कोरोना से किसी डॉक्टर की ये पहली मौत है।
कुछ दिन पहले पिता की हो चुकी है हत्या
डॉ. आरपी मिश्रा दो भाई हैं। दूसरे भाई भी डॉक्टर हैं। इनके पिता रामलोचन मिश्रा सेवानिवृत्त शिक्षक थे। कुछ दिन पहले घर में ही सोते समय किसी ने उनकी गला दबाकर हत्या कर दी थी। लगभग एक महीने के भीतर ही परिवार में हुई दूसरी मौत से सभी आहत हैं।