राजधानी लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में डॉक्टरों और दवा कंपनियों के गठजोड़ पर लगाम लगाने के लिए अब प्रिसक्रिप्शन ऑडिट की शुरुआत होने जा रही है। इसके तहत सभी मरीजों के पर्चे स्कैन करके जांचे जाएंगे। इससे बाहर की और विशेष ब्रांड की दवाएं लिखने पर लगाम लगेगी। यह व्यवस्था इसी महीने से शुरू होने की उम्मीद है।