अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट के प्रस्तावित फैसले को देखते हुए सरकारी अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है। सभी डॉक्टर-पैरामेडिकल स्टाफ के अवकाश निरस्त कर दिए गए हैं। शुक्रवार को सीएमओ ने अस्पताल प्रभारियों को इमरजेंसी में जीवनरक्षक दवाएं व बेड रिजर्व करने के आदेश जारी किए। यह 30 नवंबर तक लागू रहेगा।
राजधानी के बलरामपुर, सिविल, रानी लक्ष्मीबाई, लोकबंधु अस्पताल को अलर्ट किया गया है। वहीं, नौ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी दवाओं की व्यवस्था सुनिश्चित कराई जा रही है।
सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल ने बताया कि सभी अस्पतालों को आपात स्थिति से निपटने के लिए अलर्ट कर दिया गया है। इमरजेंसी में दवाओं के साथ एक्सरे, सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउंड जांच की 24 घंटे व्यवस्था रखने के निर्देश दिए गए हैं। अति विषम परिस्थिति में डॉक्टर के अवकाश स्वीकृत किए जाएंगे।