लोहिया संस्थान में मरीज सें हुई मारपीट के मामले बृहस्पतिवार को शासन ने गंभीरता से लिया है। जिसके बाद निदेशक ने चार सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। कमेटी जांच करके दो दिन में अपनी रिपोर्ट देगी। जिसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।
मालूम हो कि, बुधवार को लोहिया संस्थान में बिना टोकन वाले मरीजों का अल्ट्रासाउंड करने पर गोंडा से आए मरीज गोविंद मिश्रा ने विरोध किया था। जिसके बाद अल्ट्रासाउंड करने वाले डॉ सत्यव्रत अपने एमबीबीएस छात्रों से साथ मिलकर मरीज की पिटाई कर दी थी। मरीज ने निदेशक से लिखित शिकायत किया था। शासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
इसे लेकर बृहस्पतिवार को निदेशक डॉ. दीपक मालवीय ने चार सदस्यीय कमेटी गठित कर दी। निदेशक का कहना है कमेटी दो दिन में जांच करके अपनी रिपोर्ट देगी। जिसके बाद आगे की कार्रवाई होगी। निदेशक का कहना है कि मरीज से मारपीट का मामला बेहद गंभीर है। मरीज गोविंद मिश्रा ने बताया कि डॉक्टर व छात्रों ने उनकी पत्नी से हाथापाई करते हुए अभद्रता की थी। मरीज की पत्नी ने मानवाधिकार और महिला आयोग से लिखित शिकायत कर न्याय की गुहार की है।