भदोही में स्कूल बस हादसे में आठ बच्चों की मौत के बाद राजधानी में स्कूली बच्चों के सुरक्षा इंतजाम में प्रशासन जुट गया है। बिना फिटनेस और जरूरी वैध परमिट के बच्चों को स्कूल पहुंचा रहे वाहनों पर लगाम लगाने का निर्देश डीएम राजशेखर ने दिया है।
इसके लिए एक अलर्ट भी संबंधित विभाग और स्कूल संचालकों को सोमवार को डीएम ऑफिस से भेजा गया है। अब हर तीन में महीने में स्कूली वाहनों का फिटनेस टेस्ट कराना अनिवार्य होगा।
डीएम के मुताबिक सभी स्कूल प्रबंधन को बस और वैन के संचालन के लिए पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है।बिना वैध परमिट के वाहनों पर पूरी तरह से रोक लगाई जाएगी।
जांच में परमिट वैध न पाए जाने पर आरटीओ का सख्त कार्रवाई करने को कहा गया है। जांच के दौरान मिलने पर उनके खिलाफ आरटीओ को कार्रवाई भी करने के निर्देश हैं।
ड्राइवरों के भी वैध लाइसेंस की अनिवार्यता स्कूल प्रबंधन को सुनिश्चित करानी होगी। ड्राइवरों का स्वास्थ्य परीक्षण भी कराए जाने के निर्देश हुए हैं।
डीएम ने आदेश दिया है कि सभी स्कूल बसों और वैन पर पीछे की तरफ बड़े शब्दों और अंकों में स्कूल प्रबंधन, ट्रैफिक पुलिस, पुलिस हेल्पलाइन, कंट्रोल रूम, आरटीओ हेल्पलाइन का नंबर लिखना होगा।
अगर कोई स्कूल वाहन खतरनाक या तेज गति से चलता हुआ मिले तो आम लोग इन नंबरों पर वाहन संख्या के साथ शिकायत कर सकते हैं।
वहीं अभिभावक निजी तौर पर भी वैन या बसों का उपयोग बच्चों को स्कूल भेजने में करते हैं। इनसे भी सभी निर्देशों का अनुपालन कराने की जिम्मेदारी स्कूल प्रबंधन की ही होगी।