गोंडा। खाद की किल्लत को लेकर सुभागपुर माल गोदाम व पीसीएफ के गोदाम की व्यवस्था परखने के बाद मंडलायुक्त शशिभूषण लाल सुशील ने शिकंजा कस दिया है। 120 सहकारी समितियों की जांच के लिए मंडलीय अफसरों को लगाया गया है। अफसरों को 19 बिंदुओं पर जांच करके रिपोर्ट देने को कहा गया है।
मंडलायुक्त ने बृहस्पतिवार रात पीसीएफ के मुंडेरवा माफी स्थित खाद गोदाम का निरीक्षण किया था। अधिकारियों से कई बिंदुओं पर जानकारी ली थी। इसके बाद शुक्रवार को उन्होंने विभिन्न विभागों के मंडलीय अधिकारियों को 120 सहकारी समितियों की जांच के लिए नामित किया। इन अधिकारियों को 19 बिंदुओं पर विस्तृत निरीक्षण करने को कहा गया है। इससे किसानों को खाद वितरण के दौरान आधार कार्ड, खतौनी, पीओएस मशीन के उपयोग, पारदर्शी वितरण प्रणाली और किसानों की शिकायतों के निस्तारण जैसे पहलू शामिल हैं। 23 अगस्त तक जांच रिपोर्ट उपायुक्त एवं उपनिबंधक सहकारिता को सौंपने को कहा गया है।
इन अफसरों को सौंपी गई जिम्मेदारी
जांच की जिम्मेदारी उपायुक्त खाद्य, उपनिदेशक पंचायत, अपर निदेशक पशुपालन, संयुक्त निदेशक उद्योग, उप श्रमायुक्त, उपनिदेशक समाज कल्याण, उप गन्ना आयुक्त, आबकारी आयुक्त, अधीक्षण अभियंता नलकूप, उपनिदेशक दिव्यांगजन कल्याण को सौंपी गई है। साथ ही उपनिदेशक पिछड़ा वर्ग कल्याण, क्षेत्रीय दुग्धशाला विकास अधिकारी, उपनिदेशक उद्यान, अधीक्षण अभियंता ड्रेनेज, मुख्य अभियंता सरयू परियोजना, अधीक्षण अभियंता जल निगम ग्रामीण, संभागीय खाद्य नियंत्रक, क्षेत्रीय ग्राम उद्योग अधिकारी, उपनिदेशक मंडी, उप मुख्य परवीक्षा अधिकारी, सहायक निदेशक बेसिक शिक्षा, संयुक्त निदेशक कृषि एवं अधिशासी अभियंता लघु सिंचाई को लगाया गया है।