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शादीशुदा डॉक्टर के चक्कर में डिप्टी कमिश्नर की बेटी ने दी जान

Mon, 25 Jul 2016 11:43 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, कानपुर
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मृत देहअ - फोटो : डेमो फोटो
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डिप्टी कमिश्नर की बेटी (एमडीएस छात्रा) की सुसाइड के मामले में कानपुर स्वरूप नगर के एक डॉक्टर द्वारा उत्पीड़न किए जाने की बात सामने आई है। परिजनों का आरोप है कि बीडीएस की पढ़ाई के दौरान आरोपी डॉक्टर छात्रा का टीचर था। 
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उसी दौरान शादी का झांसा देकर उसने छात्रा से शारीरिक संबंध बनाए। अब शादी से मना कर दिया। इससे टूटकर ही छात्रा ने जान दे दी। बता दें डॉक्टर पहले से ही शादीशुदा है। परिजनों की तहरीर पर नवाबगंज पुलिस ने डॉक्टर पर आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

लखनऊ विभूति खंड गोमती नगर निवासी बद्री प्रसाद शर्मा नोएडा में वाणिज्यकर विभाग में डिप्टी कमिश्नर हैं। उनकी बेटी प्रियंका कानपुर के एक डेंटल कॉलेज से मास्टर ऑफ डेंटल सर्जरी (एमडीएस) की पढ़ाई कर रही थी और नवाबगंज के बृजधाम अपार्टमेंट में किराए पर रहती थी।
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शनिवार को प्रियंका का शव दुपट्टे के सहारे फ्लैट में लटकता मिला था। सूचना पर पिता बद्रीप्रसाद, भाई प्रशांत सहित अन्य परिवारीजन यहां पहुंचे थे। छात्रा के भाई प्रशांत ने सोमवार को नवाबगंज थाने में स्वरूप नगर निवासी डॉ. आरएस सोढ़ी के बेटे डॉ. हरवीर सिंह सोढी पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई।

प्रशांत ने बताया कि डॉ. हरवीर सिंह सोढ़ी सात सालों से बहन के संपर्क में था। बीडीएस करने के बाद परिवार ने प्रियंका को एमडीएस करने के लिए लखनऊ बुलाना चाहा तो हरवीर ने ही मना कर दिया। इसके बाद उसने कानपुर में ही दाखिला ले लिया। 

प्रियंका घर वालों से ज्यादा हरवीर पर विश्वास करती थी। हरवीर ने शादी से मना कर दिया तो वह टूट गई। एसओ अखिलेश जायसवाल ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। अपार्टमेंट के गार्ड के बयान दर्ज करने के साथ ही छात्रा और आरोपी डॉक्टर की सीडीआर की जांच की जा रही है।
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पुलिस को सूचना देने से पहले आरोपी ने खंगाला घर

डेमो प‌िक - फोटो : bureau
नवाबगंज पुलिस ने बताया कि प्रियंका के आत्महत्या की सूचना पर सबसे पहले इलाके में रहने वाला भाई (बुआ का बेटा) आनंद शुक्ला पहुंचा था। इसके कुछ देर बाद आरोपी हरवीर सिंह सोढ़ी पहुंचा। 

उसने दरवाजा तोड़कर भीतर जाने के साथ ही पूरा घर खंगाला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी। इसकी पुष्टि आनंद ने भी की है। आनंद का कहना है कि उस समय वह समझ नहीं पाया था कि ऐसा क्यों कर रहा। पुलिस को आशंका है कि हरवीर कुछ छिपा रहा है। कमरे से भी कुछ सामान हटाया गया है।

पोस्टमार्टम हाउस पर हरवीर को देखकर बद्री प्रसाद गालीगलौज करते हुए उसे मारने दौड़े। कहा कि तेरी वजह से ही मेरी बेटी की जान गई है। इसके बाद डॉ. हरवीर वहां से भाग निकला।

छात्रा जिस अपार्टमेंट में रहती थी, वहां के गार्ड ने बयान दिया है कि डॉ. हरवीर छात्रा से मिलने रोजाना दोपहर में आते थे। एक-दो घंटे रुकने के बाद चले जाते थे। प्रियंका भी कभी-कभी उसके साथ घूमने जाती थी।

प्रियंका को मैं भतीजी की तरह मानता था। मैं उसका फैमिली फ्रैंड भी था। परिजनों के सभी आरोप गलत हैं। प्रियंका एमडीएस की पढ़ाई के बाद कॅरियर को लेकर और सहेली के सुसाइड से मानसिक तनाव में थी। इसी के चलते उसने यह कदम उठाया है।
- डॉ. हरवीर सोढ़ी
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