लखनऊ। लखनऊ की 17 वर्षीय छात्रा दीप्ति कनौजिया ने अपनी प्रतिभा का परचम वैश्विक मंच पर लहराते हुए प्रतिष्ठित यूडब्ल्यूसी छात्रवृत्ति हासिल की है। प्रेरणा गर्ल्स स्कूल की छात्रा दीप्ति अब सिंगापुर स्थित यूनाइटेड वर्ल्ड कॉलेज साउथ ईस्ट एशिया (यूडब्ल्यूसीएसईए) में इंटरनेशनल बैकलॉरिएट (आईबी) डिप्लोमा कार्यक्रम की पढ़ाई करेंगी। खास बात यह है कि 150 से अधिक देशों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के बीच चयनित होकर उन्होंने न केवल अपने स्कूल बल्कि देश का भी गौरव बढ़ाया है।
यह छात्रवृत्ति यूनाइटेड वर्ल्ड कॉलेजेस (यूडब्ल्यूसी) के माध्यम से प्रदान की जाती है। दीप्ति ने बताया कि जब मैंने पहली बार यूडब्ल्यूसी छात्रवृत्ति के लिए आवेदन किया था, तब कभी नहीं सोचा था कि मेरा चयन होगा। शिक्षकों ने मुझ पर विश्वास करना सिखाया। प्रेरणा ने मुझे आत्मविश्वास और साहस दिया।
प्रेरणा गर्ल्स स्कूल का संचालन स्टडी हॉल एजुकेशनल फाउंडेशन (एसएचईएफ) की ओर से किया जाता है। यहां शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ नेतृत्व क्षमता और कॅरिअर मार्गदर्शन पर विशेष जोर दिया जाता है। वर्ष 1962 में स्थापित यूनाइटेड वर्ल्ड कॉलेजेस के चार महाद्वीपों में 18 स्कूल और कॉलेज हैं, जहां 150 से अधिक देशों के विद्यार्थी अध्ययन करते हैं। छात्रों का चयन शैक्षणिक उत्कृष्टता, नेतृत्व क्षमता और चुनौतियों का सामना करने की क्षमता के आधार पर किया जाता है।
माता-पिता का साया जल्दी उठा, लेकिन हौसला नहीं डिगा
दीप्ति ने उस उम्र में अपने माता-पिता को खो दिया था, जब वह ठीक से चलना भी नहीं सीख पाई थीं। व्यक्तिगत कठिनाइयों के बावजूद उन्होंने पढ़ाई में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में भी सक्रिय रहीं।
दीप्ति ने अपनी सफलता में साथ देने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने यूडब्ल्यूसी इंडिया और यूडब्ल्यूसीएसईए को इस अवसर के लिए धन्यवाद दिया। सिंगापुर रवाना होने की तैयारी के बीच उनका कहना है कि वह चाहती हैं कि उनकी यात्रा अधिक से अधिक परिवारों को बेटियों की शिक्षा के लिए प्रेरित करे। उनका संदेश है, अगर मैं यह हासिल कर सकती हूं, तो और भी कई लड़कियां कर सकती हैं। मैं चाहती हूं कि हर लड़की यह जाने कि कोई भी सपना बहुत बड़ा नहीं होता।