एक बार फिर दाल के भाव बढ़ गए हैं। आवक घटने और सर्दियों में तेजी से बढ़ी मांग के चलते दाल के दामों में प्रति किलो 20 रुपये तक की बढ़ोतरी हुई है। दिवाली के बाद महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और म्यांमार से आ रही दालों की आवक घट गई है।
इसके चलते राजधानी व आसपास के जिलों में भी दाम में तेजी आई है। बीते एक हफ्ते के दौरान बाजारों में टॉप लेवल की दाल के थोक रेट 12 से 15 रुपये तक बढ़े हैं, फुटकर बाजार में ये दाल 20 से 25 रुपये प्रति किलो तक महंगी हुई है।
दीपावली के बाद से बाजारों में 150 रुपये के भाव में बिक रही अव्वल किस्म की दाल 170 रुपये किलो से अधिक के दामों में बिक रही है।
लखनऊ दाल एंड राइस मिलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष भारत भूषण गुप्ता ने मंगलवार को बताया कि अन्य दालों की कीमतों में तो कोई खास इजाफा नहीं देखा जा रहा है, लेकिन अरहर के दामों में इधर एक हफ्ते केदौरान तेजी आई है।
ये बोले व्यापारी
सबसे बेहतरीन किस्म की अरहर दाल जो 15 हजार रुपये प्रति कुंतल के भावों में थी, ये मंगलवार को 16,200 रुपये प्रति कुंतल केभाव में बिकी। बाजारों में दुकानदार 170 रुपये प्रति किलो से अधिक में बेच रहे हैं।
जबकि दूसरे नंबर की अरहर दाल केभाव 13, 500 से 14 हजार प्रति कुंतल बिकने वाली दाल 15 हजार रुपये प्रति कुंतल के भाव में बिक रही है। सुभाष मार्ग स्थित फुटकर कारोबारी शानू ने बताया कि सोमवार से लोग 145 से 170 केरेट में दालें फुटकर भाव में खरीद रहे हैं।
लखनऊ दाल एंड राइस मिलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष भारत भूषण गुप्ता ने बताया कि दीपावली केपहले से महाराष्ट्र और मप्र से आ रही दाल का स्टॉक लगातार घट रहा था। अब वहां भी कारखाने लगभग खाली हो चले हैं।
दूसरा विदेशों मसलन म्यांमार से आ रही दाल को आने में देरी लग रही है, इधर सूबे में अचानक से डिमांड बढ़ने से कीमतों में इजाफा आया है। कारोबारी नेता के मुताबिक आने वाले समय में दाल की कीमत घटने के आसार कम ही हैं।
कम बारिश होने केचलते बची-खुची स्थानीय अरहर दाल की फसल 15 दिसंबर के बाद से बाजार में आएगी, तब तक कीमतों में कमी के आसार नहीं दिखते।