राजधानी में पराग दही प्लांट लगाया जाएगा। इसमें पांच करोड़ रुपये की लागत आएगी।
दुग्ध विकास मंत्री ने बताया कि मौजूदा समय में प्रदेश में 500 पराग बूथों और 992 पराग मिल्क बूथ पार्लरों से दूध और उसके उत्पादों की बिक्री की जा रही है।
दुग्ध विकास मंत्री राममूर्ति वर्मा ने बताया कि दुधारू पशुओं के लिए अंबेडकरनगर में 21 करोड़ रुपये की लागत से 50 मीट्रिक टन प्रतिदिन की क्षमता के संतुलित पशु आहार निर्माणशाला की स्थापना होगी।
मेरठ में 20 ग्राम मक्खन ब्लिस्टर पैकिंग में उत्पादन के लिए 10 करोड़ रुपये लागत के प्लांट की स्थापना होगी।
वहीं हापुड़ में दही, मट्ठा और छाछ 200 ग्राम और 400 ग्राम में पैकिंग के लिए तीन करोड़ रुपये की लागत से प्लांट स्थापित होगा।
वाराणसी में 1.75 करोड़ रुपये से गुलाब जामुन और रसगुल्ला की टिन पैकिंग और 1.59 करोड़ रुपये की लागत से 400 ग्राम पॉली पैक और एक किग्रा. तथा 5 किग्रा. के पॉली जार में दही पैकिंग का प्लांट लगेगा।
मथुरा में 95 लाख रुपये लागत से 5 मीट्रिक टन क्षमता के मट्ठा, छाछ, सादा और मीठा दही प्लांट की स्थापना होगी।