पुलिस के छट गए थे पसीने
करीब 150 मीटर चलते हुए वह हाईकोर्ट के पुल पर पहुंची तो एक कांग्रेस कार्यकर्ता स्कूटी लेकर आ गया। प्रियंका झट से उसकी स्कूटी पर बैठ गईं और आगे चलने को कहा। कार्यकर्ता उन्हें स्कूटी पर बैठाकर फर्राटा भरने लगा। उधर, पुलिस के पसीने छूट गए। एएसपी ट्रैफिक पूर्णेंदु सिंह और एएसपी क्राइम दिनेश पुरी अवाक रह गए।
वायरलेस सेट खड़खड़ाने लगे। मैसेज दिया गया कि प्रियंका गांधी स्कूटी से पॉलीटेक्निक चौराहा की तरफ निकली हैं। अलीगंज सीओ अवनीश्वर चंद्र श्रीवास्तव किसी की बाइक लेकर उनके पीछे दौड़ पड़े। गाजीपुर और गुडंबा समेत कई थानों की पुलिस ने भी अपने वाहन दौड़ाए। तब तक प्रियंका गांधी की स्कूटी पॉलीटेक्निक चौराहा पहुंच चुकी थी।
सड़क पर प्रियंका गांधी को स्कूटी से दौड़ते देख चौराहा पर मजमा लग गया। उस वक्त चौराहे पर इक्का-दुक्का पुलिसकर्मी ही मौजूद थे। प्रियंका को देखकर पलभर में ट्रैफिक जाम हो गया। चौराहा पार करते हुए प्रियंका की स्कूटी कलेवा तिराहा से रिंग रोड होते हुए मुंशी पुलिया पहुंच गई। इस दौरान लोगों ने अपने वाहन प्रियंका की स्कूटी के पीछे लगा दिए।
यहां से प्रियंका खुर्रमनगर वाली सड़क से इंदिरानगर सेक्टर 18 में रिटायर्ड आईपीएस दारापुरी की तरफ मुड़ गईं। लोगों से पूछ-पूछकर प्रियंका गांधी तो दारापुरी के घर पहुंच गईं लेकिन पीछे आ रही पुलिस और उनका एस्कॉर्ट रास्ता भटक गया। प्रियंका के पीछे-पीछे पुलिस की एक टीम दारापुरी के घर आ गई और आला अधिकारियों को सूचना दी। उनके सकुशल होने की जानकारी के बाद अधिकारियों ने राहत की सांस ली। कुछ देर दारापुरी के घर बिताने के बाद प्रियंका गांधी एक निजी वाहन से लौट गईं।