यूपी के बाराबंकी जिले के अंतर्गत आने वाले कोठी थाने में थानाध्यक्ष व एसआई द्वारा रेप का प्रयास करने के बाद सोमवार को जिंदा जलाई गई महिला नीतू द्विवेदी की लखनऊ के सिविल अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। उसके मौत मंगलवार की सुबह करीब 4 बजे हुई।
मृतका के परिवारीजनों ने आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने के साथ ही परिवार को आर्थिक मदद व जिले के एसपी को हटाने की मांग प्रदेश के मुख्यमंत्री से की है।
बताते चले कि कोठी थाना क्षेत्र के गढ़ा बसंतपुर गांव निवासी नीतू द्विवेदी के पति रामनरायन द्विवेदी के पति को पुलिस २४ घंटे से अवैध हिरासत में बैठाए थी। नीतू जब सोमवार की सुबह अपने पति को छुड़ाने के लिए थाने पहुंची थी तो वहां पर मौजूद एसओ रायसाहब यादव व एसआई अखिलेश राय ने महिला से रेप का प्रयास करने के बाद उस पर पेट्रोल डालकर आग लगाकर जिंदा जला दिया था।
पीडि़ता को जिला अस्पताल से सिविल अस्पताल लखनऊ भेजा गया था जहां मंगलवार की सुबह उसकी मौत हो गई है। इस घटना के बाद पुलिस के प्रति हर किसी में आक्रोश व्याप्त है। मृतका का पुत्र पत्रकार है और इससे मीडिया जगत के लोग भी सदमे में है। महिला का शव का पोस्टमार्टम लखनऊ में ही कराया जा रहा है।