किसी के माध्यम से प्रधानाचार्य ने इसकी जानकारी मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंचा दी। मुख्यमंत्री के ओएसडी के नाम हो रहे फर्जीवाड़े की जानकारी होते ही कार्यालय में हड़कंप मच गया। ओएसडी के कम्प्यूटर सहायक तुषार प्रकाश श्रीवास्तव ने मंगलवार को हजरतगंज थाने में तहरीर दी।
प्रभारी निरीक्षक आनंद कुमार शाही ने देर रात केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। बुधवार को दोपहर को दो जालसाज अमित और तेज प्रताप सिंह जीपीओ पार्क के पास पुलिस के हत्थे चढ़ गए।
प्रभारी निरीक्षक के मुताबिक, फरार आरोपी की तलाश की जा रही है। वहीं गन्ना संस्थान के अधिकारी के भूमिका भी जांच की जा रही है। इस अधिकारी के खिलाफ पिछली सरकार में भी जालसाजी के आरोप लग चुके हैं।