राजधानी लखनऊ के माल थाने के थावर गांव में मरीज के भेष में आए बदमाशों ने बृहस्पतिवार देर रात झोलाछाप राजकुमार मौर्या (43) के घर धावा बोला। दरवाजा खोलते ही राजकुमार के छोटे भाई की पत्नी रंजना (30) को घर में स्थित ब्यूटी पॉर्लर में घसीट कर ले गए और उसका गला रेता डाला। इसके बाद राजकुमार के बेडरूम में पहुंचे। वहां धारदार हथियार व डंडे से वारकर राजकुमार व उसकी पत्नी आशा देवी (40) को मार डाला और भाग निकले।
इतना सब कुछ हो जाने के बावजूद घर में मौजूद डॉक्टर के छोटे भाई रामप्रकाश और बहन सीमा को भनक नहीं लगी। रामप्रकाश ने बीसी के लेनदेन का झगड़ा बताते हुए गांव के ही दो लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। वहीं, पुलिस परिवारीजनों पर संदेह जता रही। पुलिस कॉल डिटेल व अन्य तरीकों से छानबीन में जुटी है।
थावर गांव में मेनरोड स्थित दोमंजिला मकान में राजकुमार पत्नी आशा के साथ प्रथम तल पर रहते थे। भूतल पर उनका क्लीनिक, रामप्रकाश का जनरल स्टोर और रंजना का ब्यूटी पॉर्लर था। भूतल के पिछले हिस्से में ही रामप्रकाश पत्नी रंजना, तीन बच्चों व बहन सीमा के साथ रहता है। एसओ माल विनय कुमार सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार रात करीब एक बजे मरीज के भेष में बदमाशों ने राजकुमार के घर दस्तक दी।
रंजना ने दरवाजा खोला और बदमाश उसे घसीट कर ब्यूटी पॉर्लर में ले गए और गला रेतकर मार डाला। इसके बाद सीढ़ी से चढ़कर प्रथमतल पर राजकुमार के बेडरूम में पहुंचे। चारपाई पर मच्छरदानी लगाकर सो रहे राजकुमार और आशा को उठने का मौका दिए बिना धारदार हथियार व ठोस वस्तु से ताबड़तोड़ वार कर उनकी हत्या कर दी और भाग निकले।
छत से भाई के कराहने की आवाज सुनाई दी
रामप्रकाश का कहना है कि बृहस्पतिवार रात खाना खाने के बाद पत्नी रंजना दुधमुंही बच्ची अंशिका को लेकर दूसरे कमरे में सीमा के साथ सोने चली गई। रामप्रकाश अपने दोनों बेटों तुषार (5, निशक्त) व इशांत (3) के साथ सोया था।
रात 1:15 बजे अंशिका के रोने पर रामप्रकाश जागा और दूसरे कमरे में गया, लेकिन रंजना कमरे में नहीं थी। रंजना को आवाज देते हुए वह गैलरी की तरफ बढ़ा, पर दरवाजा बाहर से बंद था। छत से भाई राजकुमार के कराहने की आवाज सुनाई दी।
इस पर पिछली खिड़की की तरफ जाकर शोर मचाया। आसपास के लोग दौड़े। पड़ोसी गुड्डू ने गैलरी का दरवाजा खोला और पुलिस कंट्रोल रूम फोन करके वारदात की सूचना दी। वहीं, सीमा का कहना है कि भाई रामप्रकाश ने उसे जगाकर रंजना के बारे में पूछा था। उसे भी बदमाशों के आने व तीन लोगों की हत्या करके भाग निकलने की भनक नहीं लगी।
आला अफसरों ने शुरू की छानबीन
ट्रिपल मर्डर का पता चलते र्ही आईजी जोन जकी अहमद, डीआईजी रेंज डीके चौधरी, एसएसपी राजेश कुमार व अन्य अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर छानबीन शुरू की। क्राइम ब्रांच व सर्विलांस सेल की टीम के डॉग स्क्वॉएड, फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट बुलाए गए। खोजी कुत्ता घर के चक्कर काटने के बाद थोड़ी दूर जाकर ठिठका और लौट आया।
जान बचाने के लिए जूझी थी रंजना
ब्यूटी पॉर्लर व उससे सटे जनरल स्टोर में चूड़ियों के टुकड़े बिखरे पड़े थे। माना जा रहा है कि रंजना ने जान बचाने के लिए खासा संघर्ष किया, जाहिर है उसने शोर भी मचाया होगा। ऐसे में घर में मौजूद उसके पति रामप्रकाश व ननद सीमा का बेखबर रहना पुलिस के गले नहीं उतर रहा है।
दस्ताने पहनकर अंजाम दी वारदात
राजकुमार के घर के दरवाजे पर रबर के तीन दस्ताने पड़े मिले। इन पर खून लगा था। माना जा रहा है कि घर में दाखिल होते ही रंजना को ब्यूटी पॉर्लर में घसीट ले जाने के बाद बदमाशों ने रबर के दस्ताने पहने और उसका गला रेता। इसके बाद राजकुमार व उसकी पत्नी आशा देवी की हत्या करके भागने के दौरान दस्ताने उतारकर फेंके।
नि:संतान राजकुमार ने साली से कराई थी भाई की शादी
तहकीकात में सामने आया कि मलिहाबाद के गांव तिलन के मजरा चौधसा के मूलनिवासी राजकुमार 1991 में माल थाने के गांव गुड़वा बरौकी निवासी आशा से शादी र्हुई थी। वे नि:संतान थे। राजकुमार ने 2006 में साली रंजना की शादी छोटे भाई रामप्रकाश से कराई। रंजना और रामप्रकाश भी उसके साथ रहने लगे।