गोर्साइंगंज इलाके में पुलिस चौकी के पास कार सवार हमलावरों ने सोमवार देर शाम एक प्रधान के पति की गाड़ी पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। इससे गाड़ी के शीशे टूट गए। प्रधान के पति ने पांच हमलावरों पर रंजिश में कातिलाना हमले की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। छह महीने पहले भी उन पर फायरिंग की गई थी। नामजद आरोपी ने भी प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
प्रशिक्षु आईपीएस/प्रभारी निरीक्षक अभिषेक वर्मा ने बताया कि गांव रघुनाथ खेड़ा निवासी प्रधान के पति अजय कुमार यादव अपनी एसयूवी से खुदर्ही के रास्ते घर लौट रहे थे। एचसीएल पुलिस चौकी के पास पीछे से आई कार में सवार हमलावरों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। अजय की एसयूवी के पिछले शीशे टूट गए।
किसी तरह जान बचाने के साथ पुलिस को सूचना दी। अजय का कहना है कि कार में हत्या समेत कई संगीन वारदात अंजाम दे चुका आदित्य मिश्रा अपने चार साथियों समेत सवार था। इससे पहले चार अप्रैल को भी आदित्य मिश्रा ने उन पर फायरिंग की थी। हमले में गंभीर रूप से घायल हुए थे। प्रभारी निरीक्षक ने कहा कि प्राथमिकी दर्ज करके पड़ताल की जा रही है। क्षतिग्रस्त गाड़ी की फोरेंसिक जांच और अन्य बिंदुओं पर तहकीकात की जाएगी।
मालूम हो कि चार अप्रैल को संकल्प पेट्रोलपंप के पास जमीन की नपाई के दौरान अजय यादव और आदित्य मिश्रा में भिड़ंत हुई थी। घायल अजय यादव ने आदित्य मिश्रा और उसके साथियों के खिलाफ बलवा, कातिलाना हमला, लूट व अन्य धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई थी। वहीं, आदित्य ने पुलिस पर प्राथमिकी दर्ज न करने का आरोप लगाते हुए न्यायालय में अर्जी दी थी।
न्यायालय के आदेश पर उसकी भी प्राथमिकी दर्ज हुई और दोनों मुकदमों की पड़ताल क्षेत्राधिकारी मोहनलालगंज को सौंपी गई थी जो अभी भी ठंडे बस्ते में है। इलाके के लोगों का कहना है कि दोनों में वर्चस्व को लेकर जंग चल रही है। आदित्य मिश्रा लखनऊ विश्वविद्यालय में छात्रनेता की हत्या के आरोप में जेल की हवा खा चुका है। इसके अलावा भी उस पर कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।