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ये कैसी एनजीओ, स्टूडेंट्स का पैसा ही खा गई

Sat, 18 Jan 2014 11:05 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
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सिलाई-कढ़ाई और ब्यूटीशियन कोर्स का ट्रेनिंग सेंटर खुलवाकर स्टूडेंट्स की फीस हड़पने का आरोप लगाते हुए रायबरेली के एनजीओ के संचालकों के खिलाफ कैंट थाना में धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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निलमथा के भगवंतनगर निवासी मुकुट पाल सिंह की बेटी राधा पाल ने ब्यूटीशियन का कोर्स किया है। उसने बताया कि मार्च 2013 को रायबरेली कोतवाली थाना क्षेत्र के निरालानगर निवासी मौसी किरन पाल घर आई थी।

राधा ने उसे ब्यूटी पार्लर खोलने की इच्छा जताई। किरन ने उसे रायबरेली के बछरावां रोड शिवगढ़ निवासी ब्यूटी पार्लर संचालिका रेहाना अनम व शहीद अशफाक उल्ला समाज कल्याण सेवा समिति के अध्यक्ष जाबिर अली नियाजी का मोबाइल नंबर दिया।
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राधा ने रेहाना से बात की तो उन्होंने एनजीओ के जरिए ट्रेनिंग सेंटर खुलवाने का प्रस्ताव रखा और कहा कि 25 छात्राएं हों तो वह मदद करेगी।

ब्यूटीशियन कोर्स करने वाली प्रत्येक छात्रा से उन्होंने 525 रुपये और सिलाई-कढ़ाई का कोर्स करने वाली छात्रा से 425 रुपये बतौर फीस जमा कराने को कहा।

रेहाना का कहना था कि छात्राओं की फीस देने पर वह एनजीओ की तरफ से उन्हें अनुदान और मानदेय दिलाने के साथ ही ट्रेनिंग के लिए मशीनें व अन्य जरूरी संसाधन दिलाएंगी।

राधा ने 75 स्टूडेंट्स की व्यवस्था कर ली। हालांकि, कई छात्राएं गरीब थीं, इसलिए राधा ने उनकी फीस खुद जमा की। सभी छात्राओं की फीस के रूप में उसने करीब 60,000 रुपये रेहाना को भेजे। इसमें 10,000 रुपये संस्था में पर्सनल सेक्रेटरी पद पाने के लिए भी शामिल थे।

हाल ही में छात्राओं का कोर्स खत्म हो गया, लेकिन न मशीनें आईं न ही अनुदान और मानदेय मिला। राधा ने रेहाना से फोन पर संपर्क किया तो उन्होंने 15 ट्रेनिंग सेंटर और खुलवाने तथा इसका पैसा एनजीओ को देने की शर्त रख दी।
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राधा ने पहले अपने ट्रेनिंग सेंटर की छात्राओं को अनुदान और मानदेय व मशीनें देने की बात कही तो रेहाना भड़क उठीं।

उन्होंने अभद्रता का आरोप लगाते हुए फोन काट दिया। उसने कैंट थाना में रिश्तेदार मौसी, रेहाना व जाबिर अली के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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