बीकेटी के गांव हरदौरपुर में चुनावी रंजिश में शनिवार रात डेयरी संचालक को कुचलकर मार डालने को लेकर रविवार सुबह जमकर बवाल हुआ।
आक्रोशित परिवार ने शव रखकर प्रदर्शन करने के साथ आरोपियों के घर धावा बोला। तोड़फोड़ की और वहां खड़ी गाड़ियां फूंक दी। दोनों पक्षों में जमकर पथराव हुआ।
हालात बेकाबू होने पर कई थानों की पुलिस व पीएसी बुलाई गई। देर रात तक पुलिस दोनों पक्षों को समझाने में जुटी रही। पुलिस के मुताबिक, गांव हरदौरपुर में प्रधानी के चुनाव को लेकर महेंद्र सिंह व बृजेश सिंह के बीच तनातनी चल रही है।
महेंद्र के बेटे मोनू सिंह ने साथियों समेत शनिवार दोपहर बृजेश के समर्थक व डेयरी संचालक अशोक गौतम उर्फ राम कुमार के घर जाकर उसे धमकाया और घरवालों को रात तक घर के एक व्यक्ति की लाश उठने का ऐलान किया।
आरोप है कि शाम को राम कुमार पराग सहकारी समिति पर दूध पहुंचाकर लौट रहा था। महिपतपुर के पास महेंद्र के बेटे नरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ टिल्लू, शिवप्रसाद सिंह उर्फ अन्नू, भानुप्रताप सिंह उर्फ टिंकू, उदय प्रताप सिंह उर्फ सोनू, अरविंद प्रताप सिंह उर्फ मोनू ने अपनी स्कॉर्पियो से राम कुमार की साइकिल को टक्कर मारी और उसे रौंद डाला।
गंभीर रूप से घायल राम कुमार ने देर रात ट्रॉमा सेंटर में दम तोड़ दिया। उसके भतीजे सूरज कुमार ने पांचों लोगों के खिलाफ हत्या व दलित उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया।
राम कुमार की मौत से आक्रोशित पीड़ित परिवार के लोग रविवार शाम चार बजे पोस्टमार्टम के बाद शव लेकर गांव पहुंचे। परिवार वालों ने महेंद्र सिंह के घर के सामने शव रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
इस बीच भीड़ ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग के साथ महेंद्र के घर पर धावा बोल दिया। वहां खड़ी एक कार व चार मोटरसाइकिलें फूंक दीं। तोड़फोड़ के साथ घर में घुसने की कोशिश की।
इससे घबराई महेंद्र के परिवार की महिलाओं ने खुद को कमरे में बंद किया। इस बीच दूसरे पक्ष के भी लोग एकत्र हो गए। दोनों पक्षों में पथराव होने लगा। बवाल की भनक लगने पर बीकेटी पुलिस मौके पर पहुंची।
हालात बेकाबू होते देख उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई। थोड़ी देर में एसपी ग्रामीण व सीओ बीकेटी आ गए। इटौंजा, मलिहाबाद, माल, काकोरी व चिनहट थाने की पुलिस के साथ पीएसी बुला ली गई।
पुलिस ने पीड़ित परिवार के लोगों को समझाने के साथ ही रामकुमार का अंतिम संस्कार करा दिया। एसपी ग्रामीण ने कहा कि हत्या व दलित उत्पीड़न के आरोपियों की तलाश में दबिशें दी जा रही हैं।