किराए पर कमरा मांगने के बहाने दो बदमाशों ने बृहस्पतिवार को राजाजीपुरम के सी ब्लॉक में 48 वर्षीय महिला निर्मला को बंधक बनाकर 8 लाख रुपये के जेवर-नकदी लूट लिए। वारदात के वक्त महिला घर पर अकेली थी।
दोपहर करीब पौने दो बजे बदमाशों ने दरवाजा खटखटाया और तमंचा व चाकू सटाकर वारदात को अंजाम दिया। निर्मला ने अपने बैंककर्मी पति शिवकुमार और रिश्तेदारों को फोन कर इसकी जानकारी दी। तालकटोरा पुलिस बदमाशों की तलाश कर रही है।
निर्मला के पति भूमि विकास बैंक की खलीलाबाद शाखा में फील्ड अफसर हैं। बृहस्पतिवार को वे बैंक चले गए तो निर्मला घर पर अकेली रह गईं। दोपहर किसी ने उनके कमरे का दरवाजा खटखटाया।
बकौल निर्मला, बाहर दो युवक खड़े थे। युवकों ने कहा, ‘हमें किराये पर कमरा चाहिए। आपके पति ने ही हमें यहां भेजा है।’ निर्मला ने कमरा खाली होने से मना किया तो एक बदमाश ने तमंचा उनकी कनपटी से सटा दिया। वहीं, दूसरे ने गर्दन पर चाकू अड़ा दिया। जान से मारने की धमकी देते हुए भीतर घुस गए और सोने की जंजीर, कान के टॉप्स व पायल उतरवा लिया।
घर से परिचित थे लुटेरे
इसके बाद आलमारी की चाबियां लेकर लॉकर खोला और एक लाख पांच हजार रुपये निकाल लिए। लॉकर में रखी सोने की चेन, झुमके, अंगूठियां और अन्य जेवर भी समेटकर भाग निकले।
बदमाशों को घर में घुसने और लूटपाट करके भागने में महज 7 मिनट लगे। निर्मला के अनुसार ऐसा लग रहा था जैसे बदमाशों को पता था कि आलमारी कहां है, उसका लॉकर कहां है। वे चाबी लेकर सीधे आलमारी की तरफ चले गए।
सीओ बाजारखाला हृदयेश कठेरिया का कहना है कि या तो बदमाश घर की परिस्थितियों से अच्छी तरह परिचित थे या फिर वारदात से पहले उन्होंने रेकी की थी। उनके चेहरे खुले थे। साफ है कि वे शिवकुमार के घर-परिवार के बारे में सब जानते थे, लेकिन उन्हें कोई पहचानता नहीं था।
सीओ ने बताया कि पड़ोस के मकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में लुटेरे नजर आ रहे हैं, लेकिन चेहरा स्पष्ट नहीं है। फुटेज को फिर से खंगाला जाएगा।
निर्मला ने बताया कि फर्स्ट फ्लोर पर किरायेदार रहते हैं और वे ग्राउंड फ्लोर पर। इसलिए मेन गेट खुला रहता है। यही वजह थी कि बदमाश आराम से मकान के भीतर घुस आए और कमरे का दरवाजा खुलवाया।