पीजीआई से मंगलवार सुबह से लापता शिक्षा विभाग से रिटायर्ड 68 वर्षीय रामकुमार यादव की बेरहमी से हत्या कर दी गई। उनका शव सरोजनीनगर के अनौरा स्थित बंद पड़े पुराने मकान में पड़ा पाया गया। परिवारीजनों ने रंजिश अथवा किसी भी तरह के विवाद की बात से इन्कार किया है।
बृहस्पतिवार को पोस्टमार्टम के बाद मौत की वजह स्पष्ट होगी। बुधवार शाम करीब छह बजे मकान से दुर्गंध आने पर ग्रामीणों ने सरोजनीनगर पुलिस को सूचना दी। करीब तीन घंटे बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मकान के दरवाजे पर लगा ताला तोड़ा।
भीतर चारपाई पर रामकुमार का शव पड़ा देखकर हड़कंप मच गया। एसओ सुधीर कुमार ने बताया कि वृद्ध के शरीर पर सिर्फ अंडरवियर था। गले में काले रंग की नायलॉन की रस्सी लिपटी थी। हाथ-पैर इसी रस्सी से बंधे थे और मुंह पर टेप लगा था।
शरीर पर चोटों के निशान थे। ऐसा लग रहा था कि राजकुमार की बुरी तरह से पिटाई के बाद रस्सी से गला कस दिया गया। सूचना पर एएसपी पूर्वी शिवराम यादव मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों व रामकुमार के बेटे तथा सरकारी वकील सुरेंद्र यादव से बातचीत की। एएसपी पूर्वी ने बताया कि रामकुमार की पत्नी की मौत हो चुकी है।
कई साल पहले अनौरा स्थित मकान छोड़कर वह परिवार सहित पीजीआई के पिपरौली में बने दूसरे मकान में शिफ्ट हो गए थे।
रामकुमार के बेटे सुरेंद्र ने देर रात थाना पहुंचे एएसपी पूर्वी के सामने 40 लाख रुपये फिरौती मांगने का आरोप लगाकर सनसनी मचा दी।
उसने बताया कि पिता मंगलवार सुबह करीब 11 बजे साइकिल से घर से निकले और गायब हो गए। वह फोन करता रहा लेकिन, कॉल रिसीव नहीं हुई। मंगलवार दोपहर किसी ने कॉल रिसीव की और रामकुमार के कब्जे में होने की जानकारी देते हुए 40 लाख रुपयों की मांग की।
पुलिस की कार्यशैली और सक्रियता पर भी उठाए सवाल
डेमो
सुरेंद्र के होश उड़ गए। उसने कॉल रिसीव करने वाले के बारे में जानकारी चाही तो फोन काट दिया गया। सुरेंद्र ने कई बार पिता के मोबाइल नंबर पर कॉल की। हर बार उन्हें जवाब मिलता कि पिता को छुड़ाना है तो 40 लाख लेकर आओ।
सुरेंद्र से बातचीत के बाद नादरगंज चौकी इंचार्ज अजय त्रिपाठी ने भी उसके पिता के मोबाइल नंबर पर कॉल की। कॉल उठाने वाले ने कहा कि अभी वह बिजी है और कुछ देर बाद बात करेगा। चौकी इंचार्ज अपना परिचय देते इससे पहले ही फोन कट गया। इसके बाद चौकी इंचार्ज ने कई बार कोशिश की लेकिन, फोन रिसीव नहीं हुआ।
ग्रामीणों ने बताया कि सोमवार शाम रामकुमार को साइकिल में किसी व्यक्ति के साथ जाते देखा गया था। यह व्यक्ति कौन था? पुलिस इसका पता लगाने की कोशिश कर रही है। आशंका है कि कोई परिचित ही रामकुमार को पुराने घर पर लेकर आया और यहां बंधक बनाकर उसकी हत्या कर दी। एएसपी पूर्वी ने बताया कि रामकुमार के साथ रहने वालों का पता लगाया जा रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि रामकुमार के मकान से दोपहर से ही दुर्गंध आ रही थी। शाम करीब छह बजे पुलिस को सूचना दी गई लेकिन, कोई नहीं आया। रात लगभग नौ बजे सरोजनीनगर पुलिस गांव पहुंची और मकान के दरवाजे पर लगा ताला तोड़ा। ग्रामीणों ने सरोजनीनगर पुलिस की कार्यशैली और सक्रियता पर सवाल भी उठाए।
एएसपी पूर्वी शिवराम यादव का कहना है ऐसा लग रहा है कि हत्या पूरी तरह साजिश रचकर की गई है। रिटायर्ड कर्मचारी और उनके परिचितों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जमीन की खरीद-फरोख्त, लेन-देन के विवाद और अन्य बिंदु खंगाले जा रहे हैं।