फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दरोगा भर्ती में नियुक्ति पत्र देने पर कोर्ट ने लगाई रोक

Fri, 04 Sep 2015 01:05 AM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
विज्ञापन
हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने सूबे में 4010 दरोगा और प्लाटून कमांडरों की भर्ती मामले में कोर्ट की इजाजत के बगैर किसी भी चयनित अभ्यर्थी को नियुक्ति पत्र जारी करने पर फिलहाल रोक लगा दी है।
विज्ञापन


अदालत ने राज्य सरकार को जवाबी हलफनामा दाखिल करने का वक्त देकर अगली सुनवाई 12 अक्तूबर से शुरू होने वाले हफ्ते में नियत की है।

न्यायमूर्ति अनिल कुमार ने यह अहम आदेश अभिषेक कुमार सिंह व तीन अन्य की याचिका पर दिया।

इसमें 25 जून 2015 को उक्त पदों पर भर्ती के परिणाम संबंधी जारी अधिसूचना की वैधता को चुनौती दी गई है। यह अधिसूचना यूपी पुलिस भर्ती बोर्ड के अतिरिक्त सचिव/ परीक्षा नियंत्रक ने जारी की थी।

याचियों के अधिवक्ता विधु भूषण कालिया के मुताबिक इन पदों पर हुई भर्ती के परिणाम को अनियमितताओं के आधार पर चुनौती दी गई है।
विज्ञापन

ओबीसी कोटे के छह गुना अभ्यर्थियों को किया शामिल

आरोप है कि नियमानुसार ग्रुप डिस्कशन में तीन गुना अभ्यर्थियों को बुलाया जाना था लेकिन अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) कोटे के छह गुना अभ्यर्थियों को इसमें शामिल किया गया, जो कानून की मंशा के खिलाफ था।

याचियों की तरफ से दलील दी गई कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक अन्य मामले में आदेश दिया है कि बोर्ड की 25 जून, 2015 की अधिसूचना के तहत कोर्ट की अनुमति के बगैर किसी भी चयनित अभ्यर्थी को कोई भी नियुक्ति पत्र जारी न किया जाए।

अधिवक्ता ने इस आदेश का लाभ इस याचिका केयाचियों को भी देने का आग्रह किया। इस पर कोर्ट ने उक्त अंतरिम आदेश दिया है।

उधर, सरकारी वकील ने मामले में जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए वक्त देने का आग्रह किया। कोर्ट ने इसकेलिए 10 दिन का समय दिया। इसके बाद हफ्ते भर में प्रतिउत्तर दाखिल किया जा सकेगा।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें