लखनऊ। क्राइम ब्रांच का पुलिस इंस्पेक्टर बताकर और कई महिलाओं से अपना मुस्लिम धर्म छिपाकर धोखाधड़ी करते हुए विवाह करने और लाखों रुपये हड़पने के आरोपी आदित्य सिंह उर्फ आबिद हवारी उर्फ आदित्य प्रताप सिंह की जमानत अर्जी जिला जज सर्वेश कुमार ने खारिज कर दी।
जमानत अर्जी का विरोध करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता मनोज त्रिपाठी का तर्क था कि अभियुक्त के खिलाफ थाना इंदिरानगर में एक भुक्तभोगी महिला ने मुकदमा दर्ज कराया था। अदालत ने जमानत प्रार्थना पत्र खारिज करते हुए कहा कि अभियुक्त निहायत चालाक व शातिर किस्म का धोखेबाज अपराधी है जो हिंदू महिलाओं से मुस्लिम होते हुए हिंदू बनकर शादी कर उनको प्रताड़ित करता है और बेरोजगार होते हुए भी अपने को पुलिस अफसर बताता है। इन परिस्थितियों में अभियुक्त के विरुद्ध गंभीर अपराधों का होना पाया जाता है।