फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीएम योगी का अखिलेश पर तंज, 'इतिहास में एक पात्र औरंगजेब, जिसने सत्ता के लिए पिता को कैद कर दिया'

Fri, 07 Sep 2018 10:26 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
सीएम आदित्यनाथ योगी
विज्ञापन

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि जो व्यक्ति अपने बाप-चाचा का नहीं हुआ, वह प्रदेश की जनता का क्या होगा। उन्होंने औरंगजेब का उदाहरण देते हुए कहा कि इतिहास दोहराया जा रहा है।

विज्ञापन


औरंगजेब ने सत्ता की खातिर अपने पिता को भी जेल की सलाखों के पीछे डाल दिया था, इसलिए आज भी मुस्लिम समुदाय के लोग अपने बेटे का नाम औरंगजेब नहीं रखते।

मुख्यमंत्री शुक्रवार को भाजपा ओबीसी मोर्चा की ओर से विश्वेश्वरैया हॉल में आयोजित निषाद, कश्यप समाज की सामाजिक प्रतिनिधि बैठक को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निषाद, कश्यप समाज को अनुसूचित जनजाति में आरक्षण देने बात कही। साथ ही कहा कि सरकार न्यायालय में विचाराधीन इस मामले में निषाद समाज के पक्ष में मजबूत पैरवी करेगी।

सपा सरकार पर निषाद, कश्यप और बिंद समाज के खिलाफ साजिश रचने का आरोप लगाते हुए सीएम ने कहा कि इन जातियों को अनुसूचित जनजाति में आरक्षण न मिले इसलिए सपा ने अपने लोगों से न्यायालय में इसके खिलाफ याचिका दायर कर स्टे कराया।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार का मत है कि इस वंचित समाज को उसका हक मिलना चाहिए। इसलिए सरकार न्यायालय में जल्द निर्णय कराने के साथ समाज के पक्ष में मजबूती पैरवी करेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कश्यप और निषाद समाज को पहले गुड खांडसारी के लाइसेंस के लिए मुसीबत उठानी पड़ती थी। समाज की दिक्कत को देखते हुए उनकी सरकार ने गुड और खांडसारी का लाइसेंस निशुल्क जारी करने की व्यवस्था की है।

साथ ही नाव डूबने और सांप काटने से मौत पर 4 लाख रुपये मुआवजे की घोषणा भी की है।उन्होंने निषाद समाज को आश्वासन दिया कि केंद्र और प्रदेश सरकार निषाद समाज की समस्याओं का समाधान निकालने को प्राथमिकता देगी। 

विज्ञापन

निषाद समाज ने ही भगवान राम की नैया पार लगाई

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस समाज के पूर्वज ने भगवान राम की नैया पार लगाई हो उस समाज को धर्म की परिभाषा बताने की आवश्यकता नहीं है। देश व धर्म की रक्षा के लिए निषाद समाज ने योगदान दिया है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें