किसानों को छह प्रतिशत ब्याज पर मिलेगा ऋण
मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम्य विकास बैंक से किसानों को मिलने वाले ऋण की ब्याज दर 11 प्रतिशत से घटाकर छह प्रतिशत कर दी गई है। खेती-बाड़ी और कृषि मशीनरी के लिए दीर्घकालिक ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। आने वाले वर्षों में पांच लाख लघु और सीमांत किसानों को इसका लाभ देने का लक्ष्य रखा गया है।
सीएम योगी ने कहा कि 2017 के बाद 86 लाख लघु और सीमांत किसानों के 36 हजार करोड़ रुपये से अधिक के ऋण माफ किए गए। करीब साढ़े नौ वर्षों में 24 लाख हेक्टेयर भूमि को अतिरिक्त सिंचाई सुविधा से जोड़ा गया है। 16 लाख से अधिक निजी ट्यूबवेल वाले किसानों को मुफ्त बिजली दी जा रही है।
3.30 लाख करोड़ रुपये गन्ना मूल्य का भुगतान
सीएम ने कहा कि प्रदेश में वर्तमान में 122 चीनी मिलें संचालित हैं। इनमें 100 से अधिक मिलों से चौथे दिन गन्ना मूल्य का भुगतान किया जा रहा है। पिछले नौ वर्षों में किसानों को 3.30 लाख करोड़ रुपये गन्ना मूल्य का भुगतान किया गया है।
उन्होंने बताया कि 2017 से पहले प्रदेश के 16 सहकारी बैंक निष्क्रिय हो गए थे। अब इनमें से 15 बैंक फिर मुनाफे में आ चुके हैं। सहकारिता से 54 लाख नए सदस्य जुड़े हैं। पैक्स की ब्याज मुक्त कैश क्रेडिट सीमा भी 10 लाख से बढ़ाकर 15 लाख रुपये की गई है।
पोर्टल और मोबाइल एप की शुरुआत
कार्यक्रम में सीएम ने मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि पोर्टल एप, उर्वरक मोबाइल एप और कोऑपरेटिव डाटा सेंटर एवं मोबाइल एप की शुरुआत की। पांच सारथियों को भारत टैक्सी के शेयर प्रमाण पत्र और पांच लाभार्थियों को मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के ऋण स्वीकृति पत्र दिए गए। इसके बाद सीएम और केंद्रीय मंत्री ने भारत टैक्सी को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।