उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक।
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कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रदेश में भाजपा सरकार बनने के बाद यूपी बीमारू राज्य के धब्बे से निकालकर विकासशील राज्य बना है। यहां के पानी, बिजली, सड़क, अस्पताल, कानून व्यवस्था की चर्चा देश भर में है। अब यहां टूटी सड़क नहीं मिलती है। प्रदेश के लोग बाहर जाते हैं तो उनको सम्मान मिलता है। पहले लोग अपने बच्चों को सरकारी स्कूल भेजने नहीं चाहते थे। स्कूलों में 8- 10 बच्चे ही होते थे। शिक्षक नियमित नहीं जाते थे।
उन्होंने कहा कि आज इन सरकारी स्कूलों में 1.90 करोड़ बच्चे हैं। पहले सिंडिकेट मिड-डे-मील खाता था। आज बच्चों को गुणवत्तापूर्ण भोजन मिल रहा है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर में पाक में घर में बैठे आतंकियों को, उनके अड्डे को नष्ट किया है। क्या पहले यह संभव था। मुंबई की घटना याद है। पीएम मोदी के नेतृत्व में अब भारत घर में घुसकर मारने वाला है। भारत रक्षा क्षेत्र में भी आत्मनिर्भर बन रहा है। यूपी भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। गेहूं, चीनी उत्पादन में नंबर एक है। अब शिक्षा, स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक नंबर बनेंगे।
- 43 मुख्यमंत्री मॉडल कम्पोजिट विद्यालयों व 66 मुख्यमंत्री अभ्युदय कम्पोजिट विद्यालयों का शिलान्यास
- 139 उच्चीकृत कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों के नवनिर्मित भवनों और अतिरिक्त डॉरमेट्री का लोकार्पण
- बच्चों के ड्रेस व स्टेशनरी के लिए प्रति छात्र 1200 की धनराशि अभिभावकों के बैंक खाते में हस्तांतरित
- 7409 विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, 5,258 विद्यालयों में आईसीटी लैब की शुरुआत की
- शिक्षकों को 51667 टैबलेट वितरण व 503 पीएमश्री विद्यालयों में डिजिटल लाइब्रेरी का शुभारंभ
- राज्य शैक्षिक तकनीकी संस्थान में स्थापित एडुकेशनल ब्रॉडकास्ट स्टूडियो का किया शुभारंभ
- कक्षा 3 से 12 के छात्र-छात्राओं के स्मार्ट असेसमेंट हेतु निपुण प्लस एप की शुरुआत की
- सभी परिषदीय उच्च प्राथमिक व कम्पोजिट विद्यालयों में समर कैंप नवाचार का किया शुभारंभ
- निपुण आंकलन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 05 शिक्षकों को किया सम्मानित
- राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) द्वारा तैयार किताबों सारथी व अनुरूपण का विमोचन
बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने कहा कि डीबीटी हस्तांतरण, अन्य योजनाओं के लोकार्पण व शिलान्यास यह कार्यक्रम है। यह सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, शिक्षा की क्रांति का पर्व है। बीते आठ साल में जो काम हुए हैं वह भविष्य निर्माण की एक योजना है। यूपी में शिक्षा अब केवल सरकार की योजना मात्र नहीं, जनआस्था बन चुकी है। 8 साल में बेसिक में 1.32 लाख स्कूलों की तस्वीर 11 हजार करोड़ के निवेश व ऑपरेशन कायाकल्प से बदी है। स्कूलों तक किताबें समय से पहुंचाने की व्यवस्था की है। इस साल नया प्रयोग समर कैंप का किया गया है। इससे बच्चों को जीवन कौशल और रचनात्मकता की शिक्षा दे रहे हैं।