मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था और त्यौहारों को लेकर रविवार को अधिकारियों के पेंच कसे। उन्होंने कहा कि हमें हर हाल में अपराधमुक्त और भ्रष्टाचार मुक्त प्रदेश चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कानपुर नगर की डीआईजी को शिकायतों के निस्तारण में ढिलाई और मुहर्रम के दौरान हुई घटनाओं पर कड़ी नाराजगी जाहिर की।
बागपत, मथुरा, गोंडा, देवरिया, आजमगढ़ में हुई हाल की घटनाओं की पुनरावृत्ति होने पर अंजाम भुगतने की चेतावनी दी।
मुख्यमंत्री रविवार शाम सात बजे अपने दफ्तर से जिलों के पुलिस कप्तान और जिलाधिकारी के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर रहे थे। लगभग सवा तीन घंटे चली वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान उन्होंने न सिर्फ अधिकारियों से संवाद किया बल्कि शिकायतकर्ताओं से भी फीड बैक लिया।
मुख्यमंत्री ने कानपुर नगर की पुलिस से संबंधित शिकायतों के निस्तारण में पिछले पायदान पर होने पर सवाल किया। डीआईजी कानपुर नगर सोनिया सिंह ने त्यौहारों का हवाला दिया।
मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए कहा कि न तो शिकायतों का निस्तारण ढंग से हो पा रहा और न ही कानून-व्यवस्था ढंग से संभल रही है। यही हाल रहा तो कानपुर नगर के लिए शासन स्तर पर विचार करना पड़ेगा।
बलिया में हुए बवाल और आगजनी की घटनाओं पर भी मुख्यमंत्री ने नाराजगी जाहिर की। पुलिस द्वारा शिकायतों का निस्तारण समय से न होने पर होने वाली घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि बागपत में अगर पूर्व में पुलिस ने कार्रवाई की होती तो युवती को आत्महत्या न करनी पड़ती।
इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होनी चाहिए। महिलाओं से संबंधित अपराधों पर विशेष सतर्कता के साथ तत्परता से कार्रवाई के निर्देश दिए।