इस कार्यक्रम के तहत वृद्धावस्था पेंशन के 49,87054 लाभार्थियों को 496.71 करोड़ रुपये, निराश्रित महिला पेंशन योजना में 26,06213 लाभार्थियों को 260.63 करोड़ रुपये, दिव्यांग पेंशन योजना के 10,67,789 लाभार्थियों को 106.78 और कुष्ठावस्था पेंशन के तहत 10,728 लाभार्थियों को 5.36 करोड़ रुपये भेजे गए।
बेसिक शिक्षा विभाग ने कोविड केयर कोष में 76,14,55,537 करोड़ रुपये का किया योगदान
वहीं, बेसिक शिक्षा मंत्री सतीश चन्द्र द्विवेदी ने प्रदेश भर के बेसिक स्कूलों के शिक्षकों और शिक्षा अधिकारियों की तरफ़ से कोविड केयर कोष में 76,14,55,537 करोड़ रुपये का चेक भेंट किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 'क्वारंटीन वॉर्ड', आइसोलेशन वॉर्ड, वेंटिलेटर्स, N-95 मास्क, पीपीई के निर्माण की कार्रवाई के लिए भी हम एक कार्ययोजना को आगे बढ़ा सकें, इस दृष्टि से कल ही हमने एक 'कोविड केयर कोष' का निर्णय किया। आज बेसिक शिक्षा विभाग ने 76,14,55,537 करोड़ रुपये की सहायता देकर अच्छी शुरुआत की है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले हमारे पास सिर्फ केजीएमयू में एक टेस्टिंग लैब थी, अब नई कार्रवाई के फलस्वरूप आज हमारे पास 7 नई टेस्टिंग लैब प्रदेश में स्थापित हो चुकी हैं और हमारा प्रयास है कि आगामी कुछ महीनों में प्रदेश के सभी 24 सरकारी हॉस्पिटल में टेस्टिंग लैब स्थापित हो जाए। मुख्यमंत्री योगी ने इस महामारी के खिलाफ लड़ाई में सहयोग देने वाले सभी लोगों आभार जताया।