राजधानी में स्कूली वाहन अब मनमाने तरीके से छात्र एवं छात्राओं को नहीं ढो सकेंगे। स्कूली वाहन में अब जितनी सीट होंगी उतने ही छात्र एवं छात्राएं सवारी कर सकेंगी।
इस निर्देश का पालन कराने के लिए 27 जनवरी से चेकिंग अभियान चलेगा। यह कार्रवाई परिवहन आयुक्त रजनीश गुप्त के निर्देश पर शुरू होगी।
संभागीय परिवहन अधिकारी जेएस तिवारी ने बताया कि परिवहन टैक्स बढ़ा होने का दावा करके किराया बढ़ाने की बात कहना सरासर गलत है। जो बसें वन टाइम टैक्स का भुगतान कर चुकी हैं उनके ऊपर तो किसी प्रकार का कोई नया बोझ नहीं है।
उन्होंने बताया कि बच्चों की सुरक्षा के लिए चेकिंग अभियान में अभिभावकों को भी सहयोग करना चाहिए। जिससे छोटी बस, स्कूली वैन व टेम्पो में अधिक सवारियां ढोने वाले ड्राइवरों व स्कूलों पर कार्रवाई की जा सके।