विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जनगणना संबंधी पूरी जानकारी विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। जिस किसी को कोई संशय होता है, वह वहां से जानकारी प्राप्त कर सकता है। वहीं अगर कोई कॉल पर जानकारी लेना चाहता है तो उसके लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां टोल फ्री नंबर 1855 पर कॉल कर जानकारी ली जा सकती है।
सहूलियत के हिसाब से करें कार्य
निदेशक शीतल वर्मा ने बताया कि जनगणना में शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। चूंकि मौसम गर्मी का है, इसलिए ट्रेनिंग सत्र में सभी को निर्देशित किया गया है कि वे जनगणना संबंधी कार्य सुबह जल्दी या फिर शाम को पूरा करें। एक महीने में एक शिक्षक को करीब 180 मकान दिए गए हैं, जो आसानी से सत्यापित किए जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि ध्यान रखा गया है कि शिक्षकों की ड्यूटी की वजह से पढ़ाई बाधित न हो। हालांकि कार्य की समयावधि के दौरान स्कूलों में छुट्टियां होंगी।
जनगणना-2027 की प्रक्रिया जल्द शुरू होने वाली है। पहली बार डिजिटल जनगणना होगी। जनगणना दो चरणों में पूरी होगी। पहले चरण में मकान सूचीकरण व मकानों की गणना की जाएगी। इसके पहले 15 दिनों तक स्वगणना का फॉर्म ऑनलाइन भरने की सुविधा दी जाएगी। इससे लोगों को सहूलियत होगी और समय की बचत होगी। दूसरा चरण फरवरी 2027 में शुरू होगा, जिसमें जातीय जनगणना भी शामिल रहेगी।
ये जानकारी शनिवार को राजकीय अभिलेखागार में आयोजित प्रेसवार्ता में जनगणना निदेशक शीतल वर्मा ने दी। उन्होंने बताया कि सबसे पहले 7 मई से स्वगणना की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी, जो 21 मई तक चलेगी। इस दौरान परिवार का मुखिया se.census.gov.in पोर्टल पर अपने मोबाइल नंबर व अन्य विवरण से लॉगिन कर सकेगा। वहां मांगी गई पूरी जानकारी उन्हें भरने के बाद एक एसई आईडी मिल जाएगी। जब 22 मई से 20 जून तक फील्ड का कार्य शुरू होगा तब हर घर प्रगणक पहुंचेंगे।
प्रगणक को वह आईडी बतानी होगी, जिसके बाद वह भरे गए विवरण का सत्यापन करते हुए डाटा फीड कर देंगे। इसी के साथ प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। दूसरे चरण में व्यक्तिगत गणना की जाएगी, जिसमें जाति, धर्म आदि शामिल रहेगा। 1872 के बाद ये 16वीं व आजादी के बाद 8वीं जनगणना है।
एक परिवार से भरना होगा एक फॉर्म
परिवार के सभी सदस्यों को ये फॉर्म नहीं भरना होगा। सिर्फ मुखिया फॉर्म भरेगा, जिसमें वह परिवार के सभी सदस्यों की संख्या की जानकारी देगा। हालांकि अगर एक परिवार से दो या अधिक लोग फॉर्म भर देते हैं तो जब प्रगणक घर पहुंचेंगे तो वह सत्यापन में इसका सुधार कर लेंगे। वह मुखिया के फार्म से संबंधित आईडी का ही डाटा सत्यापित कर उसको अपलोड करेंगे।
निदेशक शीतल वर्मा ने बताया कि स्वगणना की प्रक्रिया उपलब्ध तो है, लेकिन अनिवार्य नहीं है। अगर कोई स्वगणना की ऑनलाइन प्रक्रिया नहीं कर पाता है तो प्रगणक खुद प्रक्रिया पूरी कराएंगे। ये प्रगणक की जिम्मेदारी रहेगी। बस इसमें थोड़ा वक्त लगेगा। अगर आप पहले से ही ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी कर चुके होंगे तो प्रगणक सिर्फ चंद मिनटों में उसका सत्यापन कर प्रक्रिया पूरी कर लेंगे।
5.25 लाख अधिकारी-कर्मचारी लगेंगे
प्रदेश में जनगणना में 5.25 लाख अधिकारियों व कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। जिसमें 18 मंडल जनगणना अधिकारी (मंडलायुक्त), 75 प्रमुख जनगणना अधिकारी (जिलाधिकारी), 17 अपर प्रमुख जनगणना अधिकारी (नगर आयुक्त), 600 जिला स्तरीय अधिकारी, 1195 चार्ज अधिकारी (तहसीलदार/अधिशासी अधिकारी आदि), 285 मास्टर ट्रेनर्स, 6939 फील्ड ट्रेनर्स और अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों के अलावा करीब 5 लाख प्रगणक/पर्यवेक्षक शामिल हैं।
राज्य में जनगणना 2027 का कार्य 75 जिले, 783 नगरीय निकाय और 350 तहसीलों के तहत 1.04 लाख ग्रामों में कराया जाएगा। जनगणना के लिए राज्य में 350 ग्रामीण चार्ज व 845 नगरीय चार्ज हैं। इन चार्ज के तहत लगभग 3,90,000 मकान सूचीकरण ब्लॉक बनाए गए हैं। इन मकान सूचीकरण ब्लॉकों में प्रगणकों द्वारा घर-घर जाकर मकान सूचीकरण का कार्य पूरा किया जाएगा।
संशय हो तो डायल करें 1855
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जनगणना संबंधी पूरी जानकारी विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। जिस किसी को कोई संशय होता है, वह वहां से जानकारी प्राप्त कर सकता है। वहीं अगर कोई कॉल पर जानकारी लेना चाहता है तो उसके लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां टोल फ्री नंबर 1855 पर कॉल कर जानकारी ली जा सकती है।
सहूलियत के हिसाब से करें कार्य
निदेशक शीतल वर्मा ने बताया कि जनगणना में शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। चूंकि मौसम गर्मी का है, इसलिए ट्रेनिंग सत्र में सभी को निर्देशित किया गया है कि वे जनगणना संबंधी कार्य सुबह जल्दी या फिर शाम को पूरा करें। एक महीने में एक शिक्षक को करीब 180 मकान दिए गए हैं, जो आसानी से सत्यापित किए जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि ध्यान रखा गया है कि शिक्षकों की ड्यूटी की वजह से पढ़ाई बाधित न हो। हालांकि कार्य की समयावधि के दौरान स्कूलों में छुट्टियां होंगी।