- आरोपियों ने सात पीड़ितों से की प्लॉट के नाम पर धोखाधड़ी
- दो पीड़ितों की शिकायत पर हजरतगंज पुलिस ने की कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
लखनऊ। हजरतगंज थाने में रोहतास बिल्डर पर 63.28 लाख रुपये की ठगी की दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज हुई हैं। कंपनी के मालिक परेश रस्तोगी व तीन अन्य लोगों पर सात पीड़ितों से ठगी करने का आरोप है। पुलिस ने कार्रवाई एसीपी हजरतगंज विकास जायसवाल के आदेश पर की है।
गोरखपुर के गोरखनाथ निवासी प्रभाकर सिंह के मुताबिक वर्ष 2012 में उन्हें व उनके पांच रिश्तेदारों को जमीन खरीदनी थी। इस सिलसिले में प्रभाकर की मुलाकात रोहतास बिल्डर के मालिक परेश रस्तोगी, पीयूष रस्तोगी, पंकज रस्तोगी और दीपक रस्तोगी से उनके हजरतगंज स्थित दफ्तर में हुई। परेश व अन्य तीन आरोपियों ने उन्हें सुल्तानपुर रोड पर स्थित अपनी इंटीग्रेटेड टाउनशिप में प्लॉट दिखाए। ठगों ने प्रभाकर से कहा कि यदि वह जमीन खरीदते हैं तो 30 माह के अंदर उसका एग्रीमेंट कर देंगे। ऐसा न करने पर वे बढ़ी हुई दर से जमीन का पैसा लौटा देंगे। झांसे में आए प्रभाकर व उनके साथी प्रीति सिंह, दिवाकर सिंह, विभव सिंह, माधुरी सिंह तथा दिवाकर सिंह ने दिसंबर 2012 से 31 अक्तूबर तक रोहतास बिल्डर के दफ्तर में 49 लाख रुपये जमा कर दिए। मगर समय पूरा होने पर भी न तो कंपनी के मालिकों ने प्रभाकर व उनके रिश्तेदारों के नाम न जमीन का एग्रीमेंट किया और न रकम लौटाई। उधर, चिनहट के कमता निवासी सरिता यादव ने बताया कि 2015 में उन्होंने रोहतास बिल्डर से उनकी सुल्तानपुर रोड साइट पर जमीन बुक कराई थी। इसका 14.28 लाख रुपये भुगतान भी कर दिया। मगर उनकी नाम जमीन की रजिस्ट्री नहीं हुई। इंस्पेक्टर विक्रम सिंह के मुताबिक मामले की तफ्तीश की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।