बीते डेढ़ साल से मनोरंजन कर जमा करने में टाल-मटोल कर रहे कई और डिफाल्टर ऑपरेटरों का केबल प्रसारण जल्द बंद होगा।
ये ऑपरेटर आलमबाग समेत गोमती नगर, इंदिरा नगर, कृष्णा नगर, आरडीएसओ कॉलोनी, अलीगंज, कैसरबाग व बाजारखाला समेत कुछ अन्य इलाकों के हैं।
हर माह शुल्क देकर भी बकाया टैक्स जमा न करने वाले ऑपरेटरों की गलती का खामियाजा लाखों उपभोक्ताओं को झेलना होगा।
मनोरंजन कर विभाग की जिला इकाई ने लगातार चेतावनी के बाद भी टैक्स की बकाया राशि व ब्याज जमा न कराने वाले बीस और छोटे-बड़े बकायेदार केबल ऑपरेटरों की सूची तैयार की है।
सूचीबद्ध ऑपरेटरों को बकाया राशि जमा करने के लिए 31 अक्तूबर तक की अंतिम मोहलत दी है। विभाग से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि फिलहाल इस सूची में डेढ़ से तीन लाख तक के बकायेदार केबल ऑपरेटरों को रखा गया है।
प्रशासन की इस सख्ती से जिले में क्षेत्रीय स्तर पर संचालित ढाई सौ से अधिक केबल आपरेटरों में हड़कंप मच गया है। कलेक्ट्रेट स्थित मनोरंजन कर विभाग कार्यालय में गुरुवार को ट्रेजरी चालान पास करा बकाया शुल्क जमा कराने वाले केबल ऑपरेटरों की लाइन लगी रही।
ये केबल ऑपरेटर हैं डिफॉल्टर
इस्माइलगंज के तिवारी केबल, इंदिरा नगर सेक्टर आठ के रिलायबिल केबल, अलीगंज डंड्इया बाजार के मां वैष्णवी केबल, खरगापुर गोमती नगर विस्तार के चर्तुभुज केबल।
गोमती नगर विजय खंड के रफीक केबल, कैसरबाग के स्काई विजन केबल नेटवर्क, बाजार खाला के अरविन्द डिश विडियो सेंटर, राजेंद्र नगर के विराट केबल, आलमबाग में गुप्ता केबल, राजीव पाल केबल नेटवर्क, विनोद सोनकर केबल नेटवर्क।
कृष्णानगर में प्रिंस केबल और मानक नगर के आकाश विजन सहित बीस ऑपरेटरों को डेढ़ से तीन लाख रुपया की बकाया टैक्स व जुर्माना राशि 31 अक्तूबर तक जमा कराने की अंतिम मोहलत दी गई है।
टैक्स राशि जमा न कराने वाले केबल ऑपरेटरों के खिलाफ एक नवंबर प्रसारण बंद कराने की कार्रवाई शुरू होगी।
इनसे जुड़े करीब 15 से 20 हजार केबिल कनेक्शनधारियों को केबल टीवी से जुड़े विभिन्न मनोरंजन, खेल व न्यूज चैनल न देख पाने की परेशानी उठानी पड़ेगी। केबल ऑपरेटर्स की लापरवाही की सजा उपभोक्ताओं पर पड़ेगी।
ताकि कस्टमरों को कम हो परेशानी
जिला प्रशासन ने केबल प्रसारण बंद कराने से उपभोक्ताओं को होने वाली परेशानी को देखते हुए बकाया टैक्स राशि जमा कराने में कुछ नरमी बरतने का निर्देश भी गुरुवार को दिया।
प्रभारी अधिकारी व एडीएम ट्रांस गोमती ने बताया कि इसके तहत बकाया टैक्स व ब्याज राशि जमा कराने के लिए केबल ऑपरेटरों को एकमुश्त राशि जमा न करा पाने पर इसे किश्तवार जमा करने का मौका मिलेगा।
इसके तहत उप मनोरंजन कर आयुक्त स्तर पर बकाया टैक्स व ब्याज राशि को ऑपरेटर की भुगतान क्षमता के आधार पर किश्तवार तय करते हुए जमा करने का मौका मिलेगा।
पहली किश्त राशि जमा कराने वाले केबल ऑपरेटर का प्रसारण बंद न करते हुए इसे संचालित किए जाने का छूट मिलेगी। उन्होंने बताया कि यह निर्णय सिर्फ केबल प्रसारण बंद किए जाने से इससे जुड़े कस्टमरों को फौरी तौर पर राहत पहुंचाने को लिया गया है।
अप्रैल 2013 में जिले में लागू केबल टीवी प्रसारण की डिजिटल व्यवस्था के बाद प्रसारण सिग्नल मुहैया कराने को चुने गए चारों मल्टी सिस्टम ऑपरेटरों (एमएसओ) ने बकाया वसूली के लिए केबल ऑपेरटरों पर शुरू हुई प्रशासन की सख्ती से पल्ला झाड़ फिलहाल चुप्पी साध ली है।