इसी तरह ब्राह्मण समाज को जोड़ने के लिए राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्र व अन्य प्रमुख ब्राह्मण नेता सक्रिय होंगे। मुस्लिम समाज को जोड़ने की जिम्मेदारी राज्यसभा सांसद मुनकाद अली, वरिष्ठ नेता नौशाद अली व शमसुद्दीन राईन आदि को सौंपी गई है।
भाईचारा मुहिम में अलग-अलग वर्ग के नेताओं के साथ दलित नेताओं को भी साथ लिया गया है। इस नेता के मुताबिक संसद और विधानमंडल के बजट सत्र के बाद इस रणनीति पर अमल दिखने लगेगा।