मथुरा में फर्जी शिक्षक भर्ती घोटाले में एसटीएफ तत्कालीन बीएसए और मौजूदा समय में सहायक निदेशक एससीईआरटी लखनऊ संजीव कुमार को लेकर मथुरा पहुंची और कोतवाली में देर रात तक पूछताछ की गई। मामले में खंड शिक्षाधिकारियों के भी बयान दर्ज हो रहे हैं।
मथुरा में 2016-2017 में हुईं शिक्षक भर्ती की जांच में बड़ा गोलमाल सामने आया है। एसटीएफ का मानना है कि मथुरा में 200 से भी ज्यादा फर्जी शिक्षकों की भर्ती की गई है। बीएसए ऑफिस से ही पूरा गोरखधंधा चल रहा था। जिस समय फर्जी नियुक्तियां हुईं थीं उस समय संजीव कुमार मथुरा में बीएसए थे।
बुधवार को एसटीएफ ने तत्कालीन बीएसए संजीव कुमार को हिरासत में ले लिया और देर शाम को मथुरा ले आई। संजीव कुमार से मथुरा में देर रात तक पूछताछ होती रही। एसटीएफ ने सभी ब्लाक क्षेत्र के खंड शिक्षाधिकारियों को भी बुला लिया था। इन सभी के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।
161 फर्जी शिक्षकों की सूची जारी कर दी गई
एसटीएफ की जांच के बाद 161 फर्जी शिक्षकों की सूची जारी कर दी गई है। इस सूची में जो भी फर्जी शिक्षकों के नाम सामने आ रहे हैं वह सभी गिरफ्तार किए जाएंगे। एसटीएफ ने सूची पुलिस अफसरों को सौंप दी है। गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
एबीएसए भी रडार पर आए
शिक्षक भर्ती घोटाले का खुलासा होने के बाद सभी एबीएसए भी रडार पर आ गए हैं। मथुरा में 2016 से 2017 तक जितने भी एबीएसए तैनात रहे हैं सभी से पूछताछ की जाएगी। एसटीएफ के अधिकारियों ने शिक्षा विभाग से इन सभी अधिकारियों की सूची तलब कर ली है।