सेना की असम रेजीमेंट के सिपाही होमिलियन केपगेन की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। आठ जुलाई की रात होमिलियन को फेमिली लाइन स्थित एक क्वार्टर के बाहर गंभीर हालत में पड़ा पाया गया था।
मेजर गौरवजीत सिंह ने उसे कमांड अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर के पीछे, माथे और सीने पर चोटों के निशान मिलने से पुलिस पिटाई से मौत की आशंका जता रही है।
मेजर ने आलमबाग कोतवाली में हत्या की एफआईआर दर्ज कराई है। इंस्पेक्टर परशुराम त्रिपाठी ने बताया कि सिपाही होमिलियन केपगेन यहां पत्नी और दो बच्चों के साथ रहता था।
आठ जुलाई की रात करीब नौ बजे वह फेमिली क्वार्टर क्षेत्र में एक घर के सामने गंभीर हालत में पड़ा मिला। पास ही उसकी साइकिल पड़ी थी। चौबीस घंटे बाद ही होमिलियन की मौत हो गई थी।
पोस्टमार्टम के बाद परिवारीजन शव लेकर असम चले गए। होमिलियन कहां गया था और कहां से आ रहा था? उसके कौन-कौन से दोस्त थे? किससे कैसे संबंध थे? कौन और किस प्रकार के लोग उसके घर आते-जाते थे?
इन सवालों का जवाब पुलिस को सिर्फ परिवारीजन ही दे सकते हैं। इंस्पेक्टर ने कहा कि फिलहाल परिवारीजन असम चले गए हैं। जरूरत पड़ने पर उनसे संपर्क किया जाएगा।
अति सुरक्षित माने जाने वाले सैन्य क्षेत्र के भीतर सिपाही की पीट-पीटकर हत्या की खबर ने अधिकारियों को हिला दिया है। जिस जगह सिपाही लहूलुहान मिला था, वहां सैन्यकर्मियों के फेमिली क्वार्टर हैं। सेना के सूत्रों ने बताया कि वहां से आम लोगों का आना-जाना है लेकिन रात को कोई नहीं आता।
अभी तक कोई सुराग नहीं लगा हाथ
ऐसे में सिपाही के साथ मारपीट किसी अंदर के व्यक्ति की ही करतूत मानी जा रही है। सेना के अफसरों और पुलिस ने अपने स्तर पर छानबीन की लेकिन ऐसा कोई सुराग हाथ नहीं लगा, जिससे हत्याकांड के खुलासे की उम्मीद जगे।
परिवारीजनों ने किसी भी प्रकार की रंजिश, लेन-देन के विवाद और शराब की लत सहित अन्य विवादों से इन्कार कर दिया। पुलिस ने फेमिली क्वार्टर में रहने वाले लोगों का नाम-पता और फोन नंबर नोट किए हैं।
होमिलियन के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल भी निकलवाई जा रही है।
होमिलियन जब बेहोशी की हालत में मिला था तो उसके शरीर पर कोई जाहिरा चोट नहीं दिख रही थी। सेना के अधिकारी उसके सड़क हादसे का शिकार होने की आशंका जता रहे थे। कमांड अस्पताल के चिकित्सकों ने परीक्षण किया तो पता चला कि उसके सिर के पीछे, माथे और सीने पर चोटें हैं।
ऐसी चोटें हादसे में नहीं आ सकतीं। जिस साइकिल से वह चलता था, उसमें भी किसी भी प्रकार के रगड़ या टूट-फूट के निशान नहीं मिले। चिकित्सकों के निर्देश पर होमिलियन का मेडिकोलीगल कराया गया।
इस बीच होमिलियन ने दम तोड़ दिया। सूचना पाकर सीओ आलमबाग और इंस्पेक्टर ने घटनास्थल का मुआयना किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट देखकर पुलिस ने बेरहमी से मारपीट होने की बात कही है।
होमिलियन की पत्नी गर्भवती है। उसकी मौत से पूरे परिवार पर दु:ख का पहाड़ टूट पड़ा है। मेजर गौरवजीत सिंह ने बताया कि अभी तो परिवारीजन शोक के माहौल में हैं। उनकी हालत सामान्य होने पर होमिलियन के बारे में जानकारी ली लाएगी।