लखनऊ। संतकबीरनगर के महौली निवासी रेलवे कर्मचारी सुजीत कुमार यादव ने बड़े भाई मंजीत, चाचा शैलेंद्र, गोविंद व एक अज्ञात पर 15 लाख रुपये हड़पने का आरोप लगाते हुए गाजीपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोपियों पर पीड़ित को दो दिनों तक गाजीपुर इलाके में बंधक बनाने का आरोप है।
सुजीत छत्तीसगढ़ के कोरबा स्थित मड़वारानी रेलवे स्टेशन पर तैनात हैं। सुजीत ने बताया कि नशे के कारण उनका स्वास्थ्य काफी खराब हो गया था। बड़े भाई मंजीत, दोनों चाचा और एक अज्ञात युवक उन्हें इलाज के बहाने 15 सितंबर 2025 को लखनऊ के गाजीपुर लेकर पहुंचे। यहां उनके हाथ पैर बांध दिए और दो दिन तक कार की डिकी में बंद रखा और पिटाई की। 15 लाख रुपये भी ट्रांसफर करा लिए। रुपये लेने के बाद आरोपी उन्हें गाजीपुर स्थित एहसास नशामुक्ति केंद्र लेकर पहुंचे और भर्ती करा दिया। दस दिन बाद उन्हें केंद्र से निकाला और गोरखपुर ले गए और फिर बिलासपुर स्थित राज्य मानसिक चिकित्सालय में छोड़कर भाग निकले। किसी तरह वह अस्पताल से निकले और गाजीपुर थाने में शिकायत की। इंस्पेक्टर राजेश मौर्या ने बताया कि मामले की तफ्तीश की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।