प्रदेश भाजपा ने बेतुके बोलों से पार्टी की छवि बिगाड़ने वाले नेताओं पर लगाम कसने का फैसला किया है। खासतौर से उन्नाव से सांसद साक्षी महाराज के पांच बच्चे पैदा करने वाले बयान के बाद उन पर पार्टी नेतृत्व की नजर टेढ़ी हो गई है।
उन्हें हद में रहने की हिदायत दी गई है। पार्टी के अन्य नेताओं को भी विवादों को न्योता देने वाले बयानों से दूर रहने को कहा गया है।
जानकारी के मुताबिक, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने उन्हें बुधवार को फोन पर सीमाओं में रहने की चेतावनी दी। साथ ही आगाह किया है कि भविष्य में इस तरह के बयानों पर उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
इस बारे में पूछने पर वाजपेयी ने साफ तौर पर कुछ नहीं कहा। सिर्फ यह कहा कि सभी को मर्यादित व शिष्ट आचरण करना चाहिए। उनकी साक्षी से नहीं बल्कि सभी से यही अपेक्षा है। भाजपा की अपनी पहचान है। यह बनी रहनी चाहिए।
तय होगी आचार संहिता : पिछले कुछ समय से भाजपा नेताओं की तरफ से विवाद खड़े करने वाले बयानों के मद्देनजर पार्टी नेतृत्व ने आचार संहिता बनाने का फैसला किया है। सभी जिलों को इस सिलसिले में हिदायत भी देने का निर्णय किया गया है।
विचार हो रहा है कि पार्टी व सरकार के कामकाज से जुड़े मामलों के अलावा अन्य किसी राजनीतिक व सामाजिक मसले पर बिना सोचे-समझे हर आदमी के बयान देने पर रोक लगाई जाए।