पिछले कुछ महीने से अटल बिहारी वाजपेयी को नेपथ्य में धकेल रही भाजपा को अब उनकी याद सताने लगी है। सूबे में दो करोड़ लोगों को पार्टी से जोड़ने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य हासिल करने के लिए पार्टी एक बार फिर अटल की शरण में पहुंच गई है।
पार्टी के लोग सूबे में 13 नवंबर को पार्टी के डिजिटल सदस्यता अभियान की औपचारिक शुरुआत के दौरान मंच पर बैकड्रॉप में भले ही अटल का नाम और चेहरा लगाना भूल गए हों, लेकिन अब उन्हें अटल की जरूरत महसूस होने लगी है।
पार्टी ने तय किया है कि अटल के जन्मदिन 25 दिसंबर पर प्रत्येक मतदान केंद्र तक सदस्यता अभियान चलाया जाएगा। लोगों से अटल बिहारी वाजपेयी का हवाला देकर उनके काम और सपनों को पूरा करने के लिए भाजपा से जुड़ने का आह्वान किया जाएगा।