विकास दुबे की पत्नी पहुंची ईडी कार्यालय
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कानपुर के बिकरू में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद पुलिस मुठभेड़ में मारे गए गैंगस्टर विकास दुबे व उसके करीबियों के आर्थिक साम्राज्य की तह तक पहुंचने की कोशिश कर रही प्रवर्तन निदेशालय की टीम ने बुधवार को विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे व उसके दोनों बेटों से करीब सात घंटे तक पूछताछ की। इस दौरान किसी अन्य को वहां उपस्थित नहीं रहने दिया गया।
ईडी ने विकास दुबे के साबुन व्यापारी से क्या रिश्ते थे? कौन-कौन राजनेता उसके संपर्क में था? कारोबार में कौन-कौन साझेदार था? जैसे सवाल पूछे। ईडी ने ऋचा को बुधवार को चल अचल संपत्ति के दस्तावेजों के साथ निदेशालय में हाजिर होने के लिए नोटिस भेजा था।
नोटिस पर ऋचा अपने बेटों आकाश, शांतनु और वकील के साथ दिन में करीब सवा 11 बजे निदेशालय पहुंची। निदेशालय के अधिकारियों ने बताया कि सभी से सामान्य पूछताछ की गई।
दरअसल, प्रवर्तन निदेशालय ने 14 सितंबर को विकास दुबे और उसके साथी जय बाजपेयी सहित 36 आरोपियों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज किया था। जय बाजपेयी, विकास दुबे का फाइनेंसर है। पुलिस ने जय बाजपेई की कानपुर में तीन अवैध संपत्तियों को कुर्क भी किया था। वर्तमान में वह जेल में बंद है।
हालांकि निदेशालय का अधिकारियों का कहना था कि बयान दर्ज नहीं किए गए हैं। सूत्रों का कहना है कि निदेशालय की एक महिला अधिकारी ने ही ऋचा दुबे से अधिक पूछताछ की। पूछताछ का खास बिंदु विकास दुबे के आर्थिक साम्राज्य में उसके सहयोगियों पर केंद्रित था। निदेशालय इससे पहले विकास दुबे के फायनेंसर जय बाजपेयी से पूछताछ कर चुका है और विकास व उसके अन्य सहयोगियों की चल अचल संपत्ति का ब्यौरा भी जुटाया है। विकास की पत्नी ने अपने व विकास के बैंक खातों से संबंधित दस्तावेज निदेशालय के अफसरों को दिए। प्रवर्तन निदेशालय को जांच में अब तक 139 संपतियों का ब्यौरा मिला है।