Bhasha university will do many experiment to increase interest
लखनऊ। ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय विदेशी भाषाओं के प्रति विद्यार्थियों में रुझान जगाने के लिए विदेशी फिल्म महोत्सव का आयोजन करेगा। विवि की एकेडमिक काउंसिल की बैठक में बुधवार को अंग्रेजी विभाग की ओर से फ्रेंच, जर्मन, कोरियन व जैपनीज भाषा के पाठ्यक्रम शुरू क रने के प्रस्ताव का अनुमोदन के बाद कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने यह सुझाव दिया है। उन्होंने कहा कि किसी भी भाषा हो सिखाने में वहां की फिल्में बड़ी भूमिका निभा सकती हैं।
बैठक में एमएड व अर्थशास्त्र में परास्नातक पाठ्यक्रम शुरू करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। बैठक में सभी स्ववित्तपोषित पाठ्यक्रमों के लिए एक समिति बनाने का निर्णय लिया गया जो इन कार्यक्रमों का संयोजन करेगी। वित्त समिति की बैठक भी बुधवार को हुई। इसमें शिक्षक कल्याण कोष के गठन का निर्णय लिया गया। इसका प्रस्ताव प्रो. सैयद हैदर अली डीन स्टूडेंट वेलफेयर बनाएंगे। इसके साथ ही पुअर बॉयज फंड को भी क्रियान्वित करने का फैसला लिया गया।
विश्वविद्यालय की विद्या परिषद की बैठक में सभी संकाय अध्यक्षों के अलावा प्रो. सोमेश शुक्ला, लविवि भी उपस्थित रहे और प्रो. मो. सगीर बेग अफराहिम, उर्दू विभाग, अलीगढ़ विवि एवं प्रो. मोहम्मद शफी अहमद कश्मीर विश्वविद्यालय ने ऑनलाइन माध्यम से बैठक में हिस्सा लिया। नई शिक्षा नीति के मुताबिक हाें पाठ्यक्रम वीसी ने सभी पाठ्यक्रमों को नई शिक्षा नीति के अनुसार बदलने के लिए संकायों को इस पर काम करने की सलाह दी। उन्होंने नई शिक्षा नीति पर एक व्हाइट पेपर तैयार करने का भी सुझाव दिया और इसकी जिम्मेदारी प्रो. एस एस अशर्फी, विभागाध्यक्ष, उर्दू विभाग को दी। वहीं शोधार्थियों को पूर्णकालिक रूप में ही पीएचडी करने की अनिवार्यता का निर्णय लिया गया। साथ ही उन्होंने इंटरडिसीप्लिनरी लर्निंग को बढ़ावा देने के लिए ब्रिज कोर्स तैयार करने की सलाह दी।
ये फैसले भी हुए
विवि ने शोध के लिए गिरि अध्ययन संस्थान के साथ हुए समझौते को निरस्त करने का निर्णय किया है। अब छात्रों के पास आवेदन फीस लेने का ही विकल्प बचा है।
विवि में सेवा प्रदाता के माध्यम से कार्य कर रहे कार्मिकों के वेतन में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।