आज के दौर में सबसे बड़ा मुद्दा पर्यावरण संरक्षण का है। लोगों को जागरूक करने का है। ऐसे ही नेक काम में जुटे हैं विकास यादव, जो अपनी जेब खर्च से छोटी-छोटी मूवीज बनाकर लोगों को हरियाली का महत्व समझा रहे हैं। पर्यावरण और विकास दोनों एक-दूसरे के विपरीत माने जाते हैं।
आम धारणा है कि पर्यावरण को विकास की कीमत चुकानी पड़ती है। पर, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के छात्र विकास यादव विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने में जुटे हैं।
विकास जेब खर्च से छोटी-छोटी मूवीज बनाकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण का महत्व समझाते हैं। उन्होंने टीवी ई बायो मूवी द्वारा यूएन क्लाइमेट चेंज के सहयोग से ग्लोबल यूथ वीडियो कॉम्पटीशन में भाग लेकर पहला स्थान भी हासिल किया है।
पोलैंड के शहर सिटी कैटो विक्टा में आयोजित समारोह में विकास को 192 देशों के हजारों प्रतिनिधियों की उपस्थिति में पुरस्कृत किया गया। वीडियो लखीमपुर के एक गांव में ऑर्गेनिक फार्मिंग पर आधारित था। इसके अलावा कम्युनिटी रेडियो वीडियो चैलेंज में भी उनके एक वीडियो को पुरस्कार मिल चुका है।