बहराइच के मेडिकल कॉलेज में सीएमएस से वार्ता करते महसी विधायक
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बहराइच मेडिकल कॉलेज में अगर विधायक के परिजन को ही इलाज समय पर न मिले तो आम आदमी का सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है। बृहस्पतिवार को हार्ट अटैक पड़ने पर मेडिकल कॉलेज लाई गई विधायक की भाभी को एक घंटे तक स्वास्थ्यकर्मी इंजेक्शन नहीं लगा सके। सूचना पर मेडिकल कॉलेज आ धमके विधायक ने सीएमएस कक्ष में बैठकर सीएमएस डॉ. ओपी चौधरी को फटकार लगाई और डीएम से पांच स्वास्थ्यकर्मियों पर कार्रवाई करने की बात कही।
महसी विधायक सुरेश्वर सिंह की भाभी महसी ब्लॉक प्रमुख कृष्णावती को बुधवार की देर रात दिल का दौरा पड़ा। परिजनों द्वारा उन्हें मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी में लाकर भर्ती कराया गया। विधायक ने बताया कि एक घंटे तक इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक व स्वास्थ्यकर्मी न तो इंजेक्शन लगा सके और न ही जांच के लिए ब्लॅड सैंपल ले सके।
काफी मशक्कत के बाद दूसरे को बुलाकर इंजेक्शन लगवाया गया। तब जाकर इलाज शुरू हो सका। बृहस्पतिवार को यह बात विधायक को पता चली तो उनका पारा चढ़ गया। उन्होंने सीएमएस को फटकार कर मेडिकल कॉलेज में व्याप्त भ्रष्टाचार की पोल खोली। विधायक के अस्पताल से जाने के बाद जिम्मेदार अधिकारी अपना बचाव करने के लिए एक-दूसरे पर ठीकरा फोड़ रहे हैं।
सीएमएम के बुलाने पर भी नहीं आए कर्मचारी
विधायक ने बताया कि बृहस्पतिवार की सुबह ही अस्पताल में हुई लापरवाही को सीएमएस से अवगत कराया गया। सीएमएस ने रात्रि में ड्यूटी करने वाले चिकित्सकों व स्वास्थ्यकर्मियों को बुलाया, लेकिन छह घंटे बीत जाने के बाद कोई नहीं आया।
कहां खपाते हैं इंजेक्शन... क्यों करते हैं रेफर
विधायक ने आरोप लगाया कि मेडिकल कॉलेज में डाक्टरों का कॉकस बना हुआ है जिसमें डॉ. केके वर्मा और आशीष अग्रवाल शामिल हैं, जो एक-एक करोड़ के इंजेक्शन की खरीददारी कर रहे हैं जो गैरजरूरी हैं। ये कहां खपाए जाते हैं ये भी पता नहीं। जीवनरक्षक दवाएं उपलब्ध नहीं होती हैं। कहा कि इलाज की जहमत न उठानी पड़े इसके लिए मरीजों को रेफर कर दिया जाता है। इसका प्रमाण मेेरे पास है।
जांच कराकर की जाएगी कार्रवाई
महसी विधायक द्वारा उनके भाभी के इलाज में लापरवाही की शिकायत की गई है। स्वास्थ्यकर्मियों की भूमिका की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। लापरवाही करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों को बख्शा नहीं जाएगा।
-डॉ. ओपी चौधरी, सीएमएस बहराइच