लखनऊ के सबसे बड़े मंदिरों में गिने जाने वाले हनुमान सेतु मंदिर में अब बैग, झोला या गठरी ले जाने पर पाबंदी रहेगी। मंदिर प्रशासन ने इस बाबत श्रद्धालुओं को अवगत कराने के लिए जगह-जगह नोटिस बैनर चस्पा कर दिए हैं।
मंदिर में हर माह तीन से चार लाख श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। 26 जनवरी को मंदिर का स्थापना दिवस मनाया जाएगा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए ये कदम उठाए गए हैं। मंदिर के सचिव ट्रस्टी दिवाकर त्रिपाठी ने बताया कि पिछले दो वर्षों से मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ी है।
हर माह चार लाख तक श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ज्येष्ठ माह के बड़े मंगल पर तो अपार भीड़ जुटती है। ऐसे में श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो इसके लिए मंदिर परिसर में बैग, झोले, बस्ते, गठरी सहित प्रवेश पर पाबंदी लगा दी गई है। श्रद्धालुओं के सामान की सुरक्षा के लिए यहां जल्द ही लगेज रैक का निर्माण कराया जाएगा। मंदिर में राउंड द क्लॉक निगरानी करने को सुरक्षा गार्डों की तादाद भी बढ़ाई जा रही है।
स्थापना दिवस पर नई गैलरी की सुविधा
हनुमान सेतु मंदिर
- फोटो : amar ujala
मंदिर में श्रद्धालुओं की आमद
अवसर श्रद्धालु
हर मंगलवार 25-30 हजार
हर शनिवार 10-12 हजार
बाकी दिनों में 5 से 7 हजार
बड़े मंगल पर 50 से 80
दिवाली, हिंदू प्रतिपदा, नए साल पर 25-40 हजार
26 जनवरी को होने वाले हनुमान सेत मंदिर और बाबा नीब करौरी आश्रम के वार्षिकोत्सव पर श्रद्धालुओं को मंदिर जाने के समय नई गैलरी लेन की सुविधा मिलेगी। मंदिर प्रशासकों के मुताबिक लविवि मार्ग की ओर से आने वाले और जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए पहले एक ही गैलरी थी, अब दूसरी लेन बनकर तैयार है।
जल्द ही ये शुरू हो जाएगी। उधर 26 जनवरी को होने वाले मंदिर के स्थापना दिवस समारोह में तीन दिवसीय आयोजनों की शुरुआत 24 जनवरी को अखंड राम चरित मानस पाठ से होगी। 25 जनवरी को पाठ समापन के बाद हवन-पूजन भोग होगा। 26 जनवरी को सुबह 9 बजे से रात 10 बजे विभिन्न आयोजन चलेंगे।
सुबह से होने वाले भव्य समारोह में मानस पाठ, भजन संध्या, शास्त्रीय संगीत जैसे आयोजन होंगे। पूजन, अभिषेक व हवन के बाद दिन भर भजन कीर्तन भंडारा होगा। भातखंडे संगीत संस्थान के शिक्षक संगीत प्रस्तुतियां देेंगे। भंडारा भी बंटेगा।