लखनऊ। ऑटिज्म से ग्रसित बच्चों को अब ठाकुरगंज संयुक्त चिकित्सालय में हर शनिवार को परामर्श दिया जाएगा। इसके लिए अस्पताल में विशेष ओपीडी चलाई जा रही है।
ठाकुरगंज संयुक्त चिकित्सालय के सीएमएस डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि अस्पताल में एक साल से मनोचिकित्सक लवकुश की देखरेख में ऑटिज्म ओपीडी का संचालन किया जा रहा है। डॉ. लवकुश ने बताया कि ऑटिज्म को मेडिकल भाषा में ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर कहते हैं। इसमें बच्चे को बातचीत करने में, पढ़ने-लिखने में और समाज में मेलजोल बनाने में समस्या होती है। इसका सबसे बड़ा लक्षण है कि तीन या चार साल की उम्र होने पर भी बच्चे का नहीं बोलना। इसके अलावा नजर न मिलाना, एक ही शब्द बार-बार दोहराना, खाने-पीने की कुछ चीजें ही पसंद करना, सिर पटकना, पलकें झपकाते रहना और रात में नींद न आना इसके लक्षण हो सकते हैं।