लखनऊ। ऑल टीचर्स इंप्लाइज वेलफेयर एसोसिएशन (अटेवा) ने शुक्रवार को रोष मार्च निकालकर पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग की। मार्च में शामिल विभिन्न विभागों के कर्मचारियों और शिक्षकों ने निजीकरण और प्राथमिक विद्यालयों के विलय पर नाराजगी जताई। उन्होंने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को प्रेषित किया।
हजरतगंज स्थित स्व. बीएन सिंह प्रतिमा से शहीद स्मारक तक निकाले गए मार्च की अगुवाई कर रहे अटेवा के अध्यक्ष विजय कुमार बंधु ने कहा कि सरकार लगातार सरकारी संस्थाओं का निजीकरण कर बेरोजगारी को बढ़ावा दे रही है। प्रदेश महामंत्री डॉ. नीरजपति त्रिपाठी ने कहा कि सरकार स्कूलों का मर्जर खत्म करे। मर्जर से गांव के गरीब बच्चों को शिक्षा प्राप्त करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।
चिकित्सा स्वास्थ्य महासंघ के प्रधान महासचिव अशोक कुमार ने कहा कि निजीकरण बढ़ने से जनता को इलाज कराने में काफी धन खर्च करना पड़ रहा है। लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ नेता भारत सिंह व लखनऊ विश्वविद्यालय संबद्ध महाविद्यालय शिक्षक संघ के अध्यक्ष मनोज पांडेय ने कहा कि विभागों का निजीकरण कर सरकारी पद समाप्त किए जा रहे हैं और आउटसोर्सिंग को बढ़ावा दिया जा रहा है। पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ के महामंत्री रामेंद्र श्रीवास्तव, प्रदेश मीडिया प्रभारी डॉ. राजेश कुमार ने सरकार से यूपीएस व एनपीएस समाप्त कर पुरानी पेंशन बहाल करने मांग उठाई।