अगर लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी को मिली सीटों की तुलना विधानसभा
सीटों से करें तो प्रदेश में पार्टी का अस्तित्व ही संकट में नजर आ रहा है।
दो साल पहले विधानसभा चुनाव में 224 सीटें लेकर पूर्ण बहुमत से सरकार बनाने वाली समाजवादी पार्टी इस बार के लोकसभा चुनाव में बुरी तरह फेल हो गई।
इस चुनाव में वह मात्र 42 विधानसभा क्षेत्रों में ही बेहतर प्रदर्शन कर पाई। पार्टी के कई दिग्गज मंत्री अपने विधानसभा क्षेत्रों में प्रत्याशी को कोई खास वोट नहीं दिला पाए।
प्रदेश की 80 लोकसभा सीटें 403 विधानसभा क्षेत्रों से मिलकर बनी हैं। विधान सभावार देखें तो नतीजे चौंकाते हैं। भाजपा को 328 विधानसभा क्षेत्रों में बढ़त मिली।
फेल रहे मंत्री
प्रदेश के बड़े-बड़े मंत्री अपने ही विधानसभा क्षेत्रों में सपा को वोट दिलाने में नाकाम रहे हैं। प्रदेश के एक दर्जन से अधिक मंत्रियों के विधानसभा क्षेत्रों में सपा मुख्य मुकाबले से बाहर रही है।
बेसिक शिक्षा मंत्री राम गोविंद चौधरी सलेमपुर की बांसडीह सीट से विधायक हैं। लेकिन अपने क्षेत्र में ही सपा के प्रत्याशी 43,765 वोटों से पीछे हो गए। खेलकूद एवं युवा कल्याण मंत्री नारद राय बलिया से विधायक हैं।
उनके क्षेत्र में भी 54,615 वोटों से सपा पीछे रही। मनोरंजन कर राज्यमंत्री तेज नारायण उर्फ पवन पांडेय के विधानसभा क्षेत्र अयोध्या में सपा 88,884 मतों से बुरी तरह पराजित हुई। लघु उद्योग राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार भगवत शरण गंगवार बरेली के नवाबगंज से विधायक हैं। इनके यहां भी सपा बुरी तरह पराजित हुई है।
स्वास्थ्य राज्यमंत्री शंखलाल मांझी भी अंबेडकरनगर के कटेहरी में सपा प्रत्याशी को जिता नहीं सके। ग्राम्य विकास राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार अरविंद कुमार सिंह गोप बाराबंकी रामनगर क्षेत्र से विधायक हैं। लेकिन इस चुनाव में इनके खुद के विधानसभा क्षेत्र से ही सपा मुख्य लड़ाई से बाहर थी।
भाजपा को मिलीं सर्वाधिक सीटें
किस दल ने कितने विधानसभा क्षेत्रों में हासिल की बढ़त
भाजपा 328
सपा-42
कांग्रेस-15
बसपा-9
अपना दल-9
कुल-403
वर्ष 2012 सपा थी सबसे मजबूत
सपा-224
बसपा-80
भाजपा-47
कांग्रेस-28
रालोद-9
अपना दल-1
अन्य-14
कुल-403
कितने वोटों से पिछड़े सपा प्रत्याशी
तेज नारायण पवन पांडेय--88,884
नारद राय-------------------54,615
राम गोविंद चौधरी----------43,765
भगवत शरण गंगवार-------42,728
कमाल अख्तर--------------40,762
ब्रह्माशंकर त्रिपाठी------------28,875
योगेश प्रताप सिंह-----------18,486
विजय कुमार मिश्र----------10,427
राजकिशोर सिंह--------------9481
इनके क्षेत्र में सपा बुरी तरह हारी
शाहिद मंजूर
मनोज कुमार पांडेय
गायत्री प्रसाद प्रजापति
शिवाकांत ओझा
अरविंद सिंह गोप
राजेंद्र सिंह राणा
राममूर्ति वर्मा
अरुणा कुमारी कोरी
शंखलाल मांझी
फरीद महफूज किदवई
चितरंजन स्वरूप
कैलाश नाथ चौरसिया
सुरेंद्र सिंह पटेल
इन्होंने रख ली अखिलेश की लाज
मंत्री-----------------------कितने वोटों से अपने क्षेत्र में दिलाई बढ़त
शिवपाल सिंह यादव-------1,62,341
रघुराज प्रताप सिंह---------55,713
महमूद अली----------------43,362
इकबाल महमूद-------------39,729
मो. आजम खां-------------22,520
दुर्गा प्रसाद यादव------------11,859
राजा महेंद्र अरिदमन---------8,986
नितिन अग्रवाल--------------6,214
किन विधानसभा क्षेत्रों में कौन जीता
सपा: नजीबाबाद, ठाकुरद्वारा, मुरादाबाद ग्रामीण, सौर, चमरव्वा, रामपुर, कुंदरी, असमोली, संभल, अमरोहा, बाह, जसराना, शिकोहाबाद, सिरसागंज, मैनपुरी, किशनी, करहल, जसवंतनगर, गुन्नौर, बिसौली, सहसवान, बिल्सी, बदायूं, हरदोई, साण्डी, अलीगंज, छिबरामऊ, कन्नौज, रसूलाबाद, मऊरानीपुर, बाबागंज, कुंडा, मेजा, करछना, मटेरा, महादेवा, घनघटा, गोपालपुर, सगडी, मुबारकपुर, आजमगढ़ व मेहनगर।
कांग्रेस: बेहट, सहारनपुर, बछरावां, हरचंद्रपुर, रायबरेली, सरेनी, ऊंचाहार, तिलोई, सलोन, जगदीशपुर, गौरीगंज, अमेठी, रामपुर खास, कानपुर कैंट व पडरौना।
बसपा: गोला गोकर्णनाथ, लहरपुर, बिसवां, गोपामऊ, मिश्रिख, बालामऊ, सिधौली, मोहनलालगंज व इटवा।
अपनादल: विश्वनाथगंज, प्रतापगंज, पट्टी, रानीगंज, छानवे, मिर्जापुर, मझवा, चुनार व मड़िहान।