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सीबीआई जांच के साथ ही यादव सिंह पर मुकदमा दर्ज

Thu, 06 Aug 2015 01:55 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
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यादव सिंह के खिलाफ एक तरफ सीबीआई जांच शुरू हुई और दूसरी तरफ नोएडा विकास प्राधिकरण ने नोएडा के सेक्टर 20 थाने में एक और मुकदमा दर्ज करा दिया। डीजीपी जगमोहन यादव ने इस मुकदमे की जांच के लिए विशेष जांच सेल (एसआईसी) गठित करने के निर्देश दिए हैं। यह जिम्मेदारी मेरठ रेंज के डीआईजी को सौंपी गई है।
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यह मुकदमा फरवरी में राज्य सरकार द्वारा यादव सिंह के भ्रष्टाचार की जांच करने के लिए हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश अमरनाथ वर्मा की अध्यक्षता में गठित एक सदस्यीय न्यायिक आयोग की संस्तुति पर दर्ज किया गया है। आयोग ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच के लिए विशेष जांच सेल गठित करने की संस्तुति की थी। राज्य सरकार ने इसी आधार पर मंगलवार को यह मुकदमा दर्ज कराया।

आईजी कानून-व्यवस्था सतीश गणेश ने बताया कि नोएडा में यादव सिंह के खिलाफ एक और मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद डीजीपी जगमोहन यादव ने रेंज के डीआईजी रमित शर्मा को इसकी पड़ताल के लिए विशेष जांच प्रकोष्ठ (एसआईसी) बनाने को कहा है।
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इसमें कम से कम पांच इंस्पेक्टर व एक डिप्टी एसपी या एएसपी को तैनात करने के निर्देश दिए हैं। डीआईजी मेरठ इस सेल के सदस्यों व प्रभारी के नाम तय कर इसकी रिपोर्ट डीजीपी को भेजेंगे।
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प्राधिकरण के महाप्रबंधक ने दर्ज कराया मुकदमा

यादव सिंह के खिलाफ मुकदमा नोएडा प्राधिकरण के महाप्रबंधक विपिन गौड़ ने मंगलवार देर शाम सेक्टर 20 थाने में दर्ज कराया है। इसमें निलंबित मुख्य अभियंता यादव सिंह व अन्य के खिलाफ पद का दुरुपयोग व भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं (409 आईपीसी व 7/13) के तहत केस दर्ज हुआ है।

आरोप है कि पद का दुरुपयोग करते हुए यादव सिंह ने मनमाने ढंग से ठेकों का आवंटन कर करोड़ों का वारा-न्यारा किया और रिश्तेदारों व करीबियों को भूखंड आवंटित कराए।

देर रात तक जूझे अधिकारी
सियासी गलियारे में यादव सिंह मामले का महत्व इस बात से भी साबित हो गया जब देर रात तक डीजीपी कार्यालय खुला रहा और वहां से नोएडा में हो रही गतिविधियों की जानकारी ली जाती रही।

देर रात ही डीजीपी ने मेरठ के डीआईजी को लिखित आदेश भेज दिए कि नए मुकदमे की जांच के लिए एसआईसी का गठन किया जाए और जो भी जांच हो, उस पर डीआईजी नजर रखें।
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