राजधानी लखनऊ समेत प्रदेश भर में अमेजन और फ्लिपकार्ट के द्वारा नान एसेंशियल वस्तुओं की ऑनलाइन सेल की जा रही है, जो गैर कानूनी है। इसके ऊपर राज्य सरकार को तत्काल पाबंदी लगानी चाहिए। कोरोना कर्फ्यू में जब बाजार बंद है तो फिर ऑनलाइन कंपनियों को कारोबार को करने की छूट देना सही नहीं है।
यह मांग आल इंडिया रिटेल मोबाइल एसोसिएशन (एमरा) के उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष नीरज जौहर, सचिव अमित अग्रवाल, उपाध्यक्ष रतन मेघानी, धर्मेंद्र गुप्ता ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर तत्काल ऑनलाइन कारोबार पर पाबंदी लगाने की बात कही है।
उन्होंने पत्र में कहा कि कोरोना की इस जंग में खुदरा व्यापारी स्वैच्छिक बंदी व अब सरकार द्वारा लगाए गए लॉकडाउन में पूर्ण सहयोग कर रहे।
मगर, ऑनलाइन कम्पनियों द्वारा लॉकडाउन पीरियड में गैर जरूरी वस्तुओं की डिलीवरी की जा रही, जिसे रोका जाए। प्रदेश का व्यापारी अपनी दुकानें बंद करके किराया, बिजली, सैलरी व सभी तरह के टैक्स दे रहा है।
ऐसी स्थिति में ये मुट्ठी भर विदेशी कंपनियां खुदरा बाजार को खत्म कर देंगी और लॉकडाउन के बाद बाजार खुलने पर डिमांड नहीं रह जाएगी।