दौलतपुर से अमिताभ बच्चन के किसान होने का सबसे पहले खुलासा 23 मार्च 2006 को ‘अमर उजाला’ ने किया था। तत्कालीन जिलाधिकारी आशीष गोयल ने अमिताभ के किसान होने के दावे को निराधार बताते हुए खारिज कर दिया। मामला हाई प्रोफाइल होने के कारण यह प्रकरण एक के बाद एक पायदान चढ़ते हुए उच्चतम न्यायालय तक पहुंच गया था।
इस बीच अपनी साख बचाने के लिए अमिताभ बच्चन ने हाईकोर्ट में जमीन पर दावा छोड़ने का शपथ पत्र दाखिल किया था। हाईकोर्ट ने उन्हें माफ कर दिया था। तब जाकर जिला प्रशासन ने उच्चतम न्यायालय में अपील की। वहां पर भी हाईकोर्ट के आदेश पर मोहर लग जाने से उन्हें राहत मिल गई।
इस दौरान गैर विवादित जमीन खरीदकर दौलतपुर में ऐश्वर्या राय बच्चन महाविद्यालय का शिलान्यास किया। इसमें पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव, चन्द्र बाबू नायडू, अमर सिंह, जयाप्रदा, समेत अनेक हस्तियों की मौजूदगी में बच्चन परिवार ने दौलतपुर को अपना गांव माना था और यहां के लोगों को सहयोग का वादा किया था।
वहीं दौलतपुर गांव के पूर्व प्रधान व गांव में अमिताभ बच्चन का कामकाज संभालने वाले अमित सिंह का कहना है कि बिग बी दौलतपुर के किसानों और यहां किए गए वादों को देर-सवेर जरूर पूरा करेंगे।