बहुमंजिली इमारतों में अब 49 प्रतिशत आवंटियों की सहमति पर बिजली कंपनियों को उन्हें सीधे कनेक्शन देना होगा। इसके लिए आवंटियों से केवल कनेक्शन शुल्क व मीटर की कीमत देनी होगी।
वहीं, सिंगल प्वाइंट कनेक्शन के जरिये आवंटियों को आपूर्ति करने वाले बिल्डर अब मीटर रीडिंग के आधार पर बिजली मूल्य के अलावा कोई और शुल्क नहीं वसूल सकेंगे। सिंगल प्वाइंट कनेक्शन केवल उन्हीं बहुमंजिली इमारतों में रहेगा, जहां 51 प्रतिशत फ्लैट मालिक लिखकर देंगे कि उन्हें इसी श्रेणी में रहना है।
सिंगल प्वाइंट कनेक्शनों को मल्टी प्वाइंट में बदलने में आ रही समस्याओं पर सुनवाई के बाद राज्य विद्युत नियामक आयोग के अध्यक्ष आरपी सिंह की पीठ ने यह फैसला सुनाया।
फैसले में कहा गया है कि जिन बहुमंजिली इमारतों में मल्टी प्वाइंट कनेक्शन का बुनियादी ढांचा अधूरा है, उसे पूरा कराकर उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली आपूर्ति करना कंपनियों की जिम्मेदारी होगी। साथ ही स्पष्ट किया गया कि बहुमंजिली इमारतों में सिंगल प्वाइंट कनेक्शन से आपूर्ति पर मीटर से केवल बिजली मूल्य ही वसूला जाएगा।